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एकेडमी की फीस चुकाने तक के नहीं थे पैसे, कोच ने फ्री सिखाया, अब टीम इंडिया में आया ये क्रिकेटर

फटाफट क्रिकेट का हिस्सा बनने के लिए प्रदेश के होनहार खिलाड़ी भी हैं तैयार, आइपीएल-2023 में एमपी के क्रिकेटर बिखेरेंगे जलवा

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आइपीएल-2023 में बिखेरेंगे जलवा

भोपाल. आइपीएल-2023 का बिगुल बज चुका है। इसमें कुल 10 टीमें हिस्सा लेंगी और मिलकर कुल 74 मैच खेलेंगी। इन 74 मैचों में 70 लीग मैच, दो क्वालीफायर मैच, एक एलिमिनेटर मैच और एक फाइनल मैच खेला जाएगा। इस आइपीएल में मप्र के खिलाड़ी भी अपना जलवा बिखेरते नजर आएंगे। इसमें वेंकटेश अय्यर केकेआर का हिस्सा होंगे। रजत पाटीदार आरसीबी से ओपनिंग करेंगे। राजस्थान के लिए तेज गेंदबाजी का भार कुलदीप सेन के कंधों पर होगा। फिरकी गेंदबाज कुमार कार्तिकेय मुंबइ इंडियंस का हिस्सा हैं जबकि आवेश खान लखनऊ सुपर जायंट्स का हथियार रहेंगे। इन सभी प्लेयर्स ने गजब का संघर्ष किया. रीवा के कुलदीप सेन के पास तो क्रिकेट एकेडमी की फीस चुकाने तक के पैसे नहीं थे. अब वे इंडिया के अहम गेंदबाजों में माने जा रहे हैं.

आवेश के पिता की है पान की दुकान
इंदौर में जन्में आवेश खान आइपीएल के सबसे महंगे खिलाडिय़ों में से एक थे। आवेश ने 14 अप्रेल 2017 को इंडियन प्रीमियर लीग में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलूरु की ओर से आइपीएल में इंट्री की थी। 5 फरवरी 2018 को उन्होंने विजय हजारे ट्रॉफी में मप्र की ओर से लिस्ट-ए क्रिकेट में पदार्पण किया। आवेश के पिता आशिक खान की इंदौर में पान की दुकान चलाते हैं। आवेश के पिता का सपना बेटे को टेस्ट मैच खेलते देखना है। आवेश ने एडवांस्ड एकेडमी से स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद रेनेसा कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड मैनेजमेंट से बीकॉम किया। आवेश बचपन से ही सिर्फ क्रिकेट खेलने की जिद करते थे। आज भी वे सारे काम छोड़कर क्रिकेट पर ही फोकस करते हैं। हर दिन करीब 10 घंटे प्रैक्टिस को देते हैं।

भारत के चुनिंदा क्रिकेटरों में से एक हैं वेंकटेश अय्यर
कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाड़ी वेंकटेश अय्यर इंदौर से हैं। वेंकटेश एक भारतीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खिलाड़ी हैं, जो अपनी घरेलू क्रिकेट टीम मप्र और आईपीएल क्रिकेट टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलते हैं। अय्यर ने नवंबर 2021 में इंडिया क्रिकेट टीम के लिए अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट शुरुआत की। वेंकटेश अय्यर आज भारत के उभरते हुए क्रिकेट खिलाड़ी हैं, जिन्होंने कम समय में ही लोगों के दिलों में अपनी खास पहचान बना ली है। अय्यर को विजय हजारे ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन करने चलते भारतीय क्रिकेट टीम में शामिल किया गया। अय्यर उन चुनिंदा क्रिकेट खिलाडिय़ों में से एक हैं, जिन्होंने क्रिकेट के शुरुआती मैचों में चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी और आकर्षित करने में कामयाबी हासिल हुई। फिलहाल वे अपनी फिटनेस पर ध्यान दे रहे हैं।

कुलदीप ने जिस एकेडमी में क्रिकेट सीखा, उसने उनकी फीस भी माफ कर दी-
आईपीएल 2022 में राजस्थान रॉयल्स के खिलाड़ी कुलदीप सेन रीवा जिले के रहने वाले हैं। कुलदीप का जन्म रीवा के एक छोटे से गांव में हुआ था। उनके पिता की हेयर सैलून की दुकान है। कुलदीप ने महज आठ साल की उम्र में क्रिकेट का बैट हाथों में थाम लिया था। कुलदीप बतौर बल्लेबाज अपना करियर बनाना चाहते थे, लेकिन कोच की सलाह पर तेज गेंदबाजी शुरू की। कुलदीप ने जिस एकेडमी में क्रिकेट सीखा, उसने उनकी फीस भी माफ कर दी, ताकि वो अपना सपना पूरा कर सकें। 2018 में कुलदीप ने पहला प्रथम श्रेणी मैच खेला। वे मध्यप्रदेश की रणजी टीम का हिस्सा बने। बाद में उन्होंने इसी टीम के लिए टी-20 मैच भी खेला। अपने पहले रणजी सीजन में उन्होंने 25 विकेट लिए, जिसमें पंजाब के खिलाफ एक पारी में लिए गए पांच विकेट भी शामिल थे। इसके बाद वे भारतीय टीम का हिस्सा भी बने।

रजत पाटीदार ने सचिन से प्रेरित हो खेलना शुरू किया
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलूरु के खिलाड़ी रजत पाटीदार इंदौर के हैं। आठ साल की उम्र में उन्होंने क्लब क्रिकेट खेलना शुरू किया था। रजत के दादा ने उन्हें क्रिकेट एकेडमी में भर्ती कराया था। एक गेंदबाज के तौर पर क्रिकेट शुरू करने वाले रजत अंडर-15 के दिनों में बल्लेबाज बन गए। कोच ने उन्हें बल्लेबाजी करने की सलाह दी। यह फैसला सही साबित हुआ। सचिन तेंदुलकर को देखकर क्रिकेट शुरू करने वाले रजत को फुटबॉल भी पसंद है। रजत ने 2015-16 सीजन में रणजी ट्रॉफी में डेब्यू किया था। आठ जनवरी 2018 को उन्होंने जोनल टी20 लीग में मध्य प्रदेश के लिए पहला टी-20 मैच खेला था। 2018-19 सीजन में रजत ने मप्र के लिए रणजी में सबसे ज्यादा रन बनाए थे। तब उन्होंने आठ मुकाबलों में 714 रन बनाए थे। अगस्त 2019 में उन्हें इंडिया ब्लू की टीम में दिलीप ट्रॉफी के लिए शामिल किया गया। फरवरी 2021 में आरसीबी ने उन्हें पहली बार खरीदा और नौ अप्रैल 2021 को मुंबई इंडियंस के खिलाफ आइपीएल में डेब्यू करने का मौका मिला। वे भारतीय टीम का हिस्सा रह चुके हैं।

कार्तिकेय ने क्रिकेट के लिए छोड़ा घर
मुंबई इंडियंस के खिलाड़ी कुमार कार्तिकेय ने क्रिकेट में करियर बनाने के लिए काफी संघर्ष किया। आइपीएल 2022 के लिए मुंबई इंडियंस ने उन्हें 20 लाख रुपए के बेस प्राइज पर खरीदा था। इस साल भी मुंबई इंडियंस ने उन्हें अपनी टीम जगह दी है। यूपी के रहने वाले कुमार कार्तिकेय मप्र के लिए खेलते हैं। उन्होंने क्रिकेट खेलने के लिए महज 15 साल की उम्र में अपना घर छोड़ा था। कार्तिकेय के पिता यूपी पुलिस में कार्यरत हैं। जब कार्तिकेय 11 साल की उम्र में पड़ोस के बच्चों के साथ क्रिकेट खेलते थे तो लोग उनके पिता को बेटे को क्रिकेट एकेडमी भेजने की सलाह दिया करते थे। वे यूपी-16 टीम में चयनित हुए लेकिन टीम के साथ नहीं जा सके। कार्तिकेय दिल्ली आकर गौतम गंभीर जैसे दिग्गज बल्लेबाजों से प्रशिक्षण लिया। कार्तिकेय को 2017 में मध्य प्रदेश भेजा गया। यहां उसका चयन एमपी की अंडर-23 टीम में हो गया। एक-दो मैच खेलने के बाद वह रणजी टीम में शामिल हो गया। पिछले तीन सालों से वे रणजी टीम का हिस्सा हैं।