
,,,,
भोपाल. मध्यप्रदेश सरकार के राजस्व व परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत सवालों के घेरे में घिरते नजर आ रहे हैं। 58 साल के हो चुके मंत्री गोविंद सिंह राजपूत को हाल ही में उनकी ससुराल की ओर से 50 एकड़ जमीन दान दी गई है जिसे लेकर सवाल उठने लगे हैं। जो जमीन मंत्री को ससुराल की ओर से गिफ्ट दी गई है उसकी कीमत करोड़ों रुपए में बताई जा रही है इसलिए ये मामला धीरे धीरे चर्चाओं का विषय बनता नजर आ रहा है और इसे लेकर सवाल उठने शुरु हो गए हैं।
पूर्व भाजपा नेता ने उठाए सवाल
मंत्री गोविंद सिंह राजपूत को ससुराल की ओर से 50 एकड़ जमीन दान में मिलने को लेकर पूर्व भाजपा नेता राजकुमार धनोरा ने सवाल तो उठाए ही हैं साथ ही मंत्री पर गंभीर आरोप भी लगाए हैं। उनका आरोप है कि मंत्री ने पहले तो अपने सालों के नाम से जमीन खरीदी और फिर दान पत्र लिखवा कर उसे ही अपने आप को दान करवा लिया। धनोरा ने बताया कि उन्होंने इसकी शिकायत प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री से भी की है। वहीं इन आरोपों पर मंत्री गोविंद सिंह का बयान भी सामने आया है उन्होंने कहा है कि अगर किसी से किसी का ब्लड का रिलेशन है और उसके पास जमीन जायदाद है, तो वह दान पत्र लिख सकता है। दान पत्र का काम चोरी छिपे नहीं होता है बकायदा रजिस्टर्ड होता है और इसके लिए कोर्ट भी जाना पड़ता है। उन्होंने आगे कहा कि उनकी ससुराल में एक जमाने में 600 से 800 एकड़ तक जमीन हुआ करती थी, आज भी 400 से 500 एकड़ जमीन है।
इसलिए उठ रहे सवाल ?
खबरों की मानें तो मंत्री गोविंद सिंह राजपूत को ससुराल से दान में जो जमीन मिली है उसे उनकी पत्नी के भाई हिमाचल सिंह और करतार सिंह ने 2021 में कल्पना सिंघई से खरीदा था। ये जमीन सागर भोपाल रोड पर भापेल गांव में है। जमीन की कीमत करोड़ों रुपए में है। एक सवाल इस बात को लेकर भी उठ रहा है कि जब मंत्री की ससुराल भोपाल से 80 किमी दूर सागर जिले के गिरहनी गांव में है तो गांव या फिर आसपास की छोड़कर अच्छी-खासी दूरी पर ये जमीन क्यों खरीदी गई।
Published on:
22 Dec 2022 08:04 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
