
monsoon heavy rainfall after 2 days
भोपाल। महाराष्ट्र के मुंबई में मानसून ने दस्तक दे दी है। तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मुंबई में दस्तक के साथ ही मानसून मध्यप्रदेश की तरफ बढ़ गया है। मध्यप्रदेश में 13 के बाद पूरे प्रदेश में मानसून छाना शुरू हो जाएगा। इससे पहले इसकी एक्टिविटी अभी से शुरू हो गई है। मध्यप्रदेश से गुजरकर मानसून उत्तर भारत की तरफ बढ़ जाएगा।
भारी बारिश का अलर्ट!
इस बार मानसून की हर प्रदेश में धमाकेदार एंट्री हो रही है। कई जगह आंधी और तूफान का अलर्ट के साथ ही भारी बारिश का अलर्ट जारी किए जा रहे हैं। मध्यप्रदेश में भी मानसून भारी बारिश लेकर आ रहा है।
मानसून का इंतजार बढ़ा
मध्यप्रदेश में मानसून का इंतजार और बढ़ता नजर आ रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक 11 जून के आसपास मध्यप्रदेश में मानसून दस्तक दे देगा, लेकिन अभी और इंतजार करना पड़ सकता है। इधर, प्रदेश में तापमान में एक-दो डिग्री की कमी आई है, लेकिन मौसम ने सारी राहत को बेकार कर दिया है। लोग उमस भरी गर्मी से बेहाल हो गए हैं।
दो दिनों पहले तक तीखे तेवर अपनाए मौसम ने तपिश के मामले में कुछ रियायत जरूर दी है, लेकिन बढ़ी उमस ने लोगों को परेशान कर दिया है। बुधवार को दिन के तापमान में मंगलवार के मुकाबले एक डिग्री की और कमी आई, लेकिन बढ़ी उमस के कारण राहत महसूस नहीं हो सकी। मौसम विभाग के अनुसार प्री मानसून एक्टिविटी की पूरी संभवनाएं बनी हुई है। राजधानी के आसपास बूंदाबांदी भी हुई है। अगले २४ घंटों में शहर में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी हो सकती है।
मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि बुधवार को अधिकतम तापमान ४१.९ डिग्री रहा, जो सामान्य से तीन डिग्री अधिक है। न्यूनतम तापमान २८.७ डिग्री रहा, यह भी सामान्य से तीन डिग्री अधिक है। वातावरण में नमी की मात्रा ४७ फीसदी दर्ज की गई, जो सामान्य से सात फीसदी कम है। मानकों के अनुसार नमी कम होने के बावजूद देश के दूसरे हिस्सों में चल रही मानसून की गतिविधि और राजधानी के आसपास प्री मानसून के चलते उमस बढ़ी हुई है।
बड़े तालाब का जलस्तर घटा
बड़ा तालाब का जलस्तर लगातार घट रहा है। पानी डेड स्टोरेज के नीचे तक पहुंच चुका है। अब शहरवासियों की प्यास बुझाने नगर निगम को डबल पंपिंग का सहारा लेना पड़ रहा है। घटते जलस्तर के बीच निगम ने तालाब में सात स्थानों पर अतिरिक्त पाइप और पंप लगाकर गहराई से पानी खींचना शुरू किया है। अब स्थिति यह है कि यदि आठ दिन में बारिश नहीं आई तो तालाब में डबल पंपिंग से भी पानी नहीं निकाला जा सकेगा। इससे साढ़े तीन लाख की आबादी को परेशानी झेलनी होगी।
कहां कितना तापमान
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में अधिकतम तापमान 41.9 के आसपास बना हुआ है। खास बात यह है कि यह आने वाली 13 जून तक 38 के आसपास पहुंच जाएगा। हालांकि लोग इस समय बेहद उमस से परेशान है। गर्मी के बीच उमस का दौर फिलहाल बने रहने की उम्मीद है।
ग्वालियर
ग्वालियर का तापमान गुरुवार के दिन फिलहाल 43 डिग्री के आसपास बना हुआ है। 13 जून के आसपास तक यह तापमान घटकर 40 डिग्री पर पहुंच जाएगा।
जबलपुर
गुरुवार को यहां का तापमान 42 के आसपास बना हुआ है। 13 जून तक यह तापमान 39 तक कम हो जाएगा। तपन में थोड़ी कमी महसूस होगी, लेकिन उमस से लोग बेहाल ही रहेंगे।
इंदौर
मालवा क्षेत्र के इंदौर में गुरुवार का तापमान वैसी ही 39 डिग्री पर बना हुआ है। यह 13 जून तक 37 डिग्री पर पहुंच सकता है। फिलहाल मालवा में भी उमस से लोग परेशान हो रहे हैं।
सतना
बड़े दिनों बाद सतना का तापमान भी 40 पर उतर आया है। 13 जून तक यही पारा 38 पर पहुंच जाएगा। इस क्षेत्र में भी पिछले दिनों बेहद गर्मी से लोग परेशान देखे गए, लेकिन इस समय उमस भरी गर्मी से लोग बेहाल हो रहे हैं।
खंडवा
निमाड़ क्षेत्र में सबसे अधिक गर्मी पड़ती है। यहां का तापमान गुरुवार को 39 डिग्री के आसपास बना हुआ है। जो 13 जून तक 37 पर पहुंचने का पूर्वानुमान है। पिछले दिनों खंडवा का तापमान 46 के पार निकल गया था।
खजुराहो
पिछले दिनों 48 पार तक जाने वाला खजुराहो का तापमान अब 43 पर उतर आ गया है। 13 जून के आसपास यह 40 डिग्री पर पहुंच जाने का अनुमान है। यहां फिलहाल प्रदेश में सबसे ज्यादा गर्मी पड़ रही है।
उज्जैन
महाकाल की नगरी उज्जैन भी इस मौसम में काफी तपा। गुरुवार को यहां का तापमान 42 के आसपास बना हुआ है, जो 13 जून तक 39 डिग्री पर पहुंच जाएगा। यानी थोड़ी राहत, लेकिन उमस से यहां भी राहत के आसार नहीं हैं।
Published on:
07 Jun 2018 02:05 pm
