6 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

MP : अवैध खनन, परिवहन पर अब 15 गुना होगी रायल्टी की वसूली

MP में अवैध खनन, परिवहन (transportation) पर अब 15 गुना होगी रायल्टी (royalty) की वसूली, पर्यावरण क्षति के रूप में भी वसूली जाएगी इतनी ही राशि। आर्थिक दण्ड की राशि न दिए जाने पर जप्त वाहन को राजसात किया जाएगा।

2 min read
Google source verification
MP :  अवैध खनन, परिवहन पर अब 15 गुना होगी रायल्टी की वसूली

MP : अवैध खनन, परिवहन पर अब 15 गुना होगी रायल्टी की वसूली

भोपाल। प्रदेश में अवैध खनन (illegal mining) और परिवहन के नियमों को सख्त किया जा रहा है। बुधवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में निर्णय लिया गया कि अवैध खनन, परिवहन और भण्डारण पर 15 गुना रायल्टी (royalty) वसूली जाएगी। साथ ही इतनी ही राशि पर्यावरण क्षति के रूप में ली जाएगी। यानी अवैध परिवहन, खनन और परिवहन करने वाले से 30 गुना दण्ड वसूला जाएगा। यही नहीं लगाया गया अर्थदण्ड जमा नहीं करने पर जप्त वाहन एवं मशीनरी आदि को राजसात किया जाएगा। जुर्माना की राशि जमा करने पर वाहन की सुपुदर्गी मिलेगी। इसके लिए कैबिनेट ने मप्र खनिज अवैध परिवहन, भण्डार नियम 2022 को हरीझंडी दे दी।

राज्य सरकार के प्रवक्ता डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि अधिरोपित अर्थदण्ड की राशि जमा न होने पर मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता, 1959 के प्रावधानों के तहत राशि वसूली तथा कुर्की किए जाने का प्रावधान किया गया है। परिमिट में दर्ज मात्रा से अधिक परिवहन के मामलों में खनिज रायल्टी की 15 गुना वसूली होगी।

संभागीय कमिश्नर के यहां अपील का प्रावधान यथावत
नियमों में कलेक्टर द्वारा पारित आदेश के विरूद्ध संभागायुक्त को अपील प्रस्तुत करने का प्रावधान पूव की तरह ही रहेगा। संभागायुक्त द्वारा पारित आदेश के विरूद्ध पुनरीक्षण याचिका राजस्व मंडल को प्रस्तुत किए जाने का प्रावधान किया गया है। इन सुधारों से प्रदेश में अवैध उत्खनन, परिवहन तथा भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण हो सकेगा तथा उपरोक्त नियमों में एकजाई प्रावधान होने से प्रकरणों के निराकरण में पारदर्शिता एवं सुगमता हो सकेगी।

जब्त वाहन को छुड़ाने 50 हजार 4 लाख तक भरने होंगे
कैबिनेट निर्णय के तहत जब्त वाहन छुड़ाने के लिए संबंधित को 50 हजार से 4 लाख रुपए तक जुर्माना भरना होगा। यह राशि वाहन के हिसाब से निर्धारित की गई है। दो एक्सल वाहन पर 50 हजार रुपए, डंपर पर एक लाख रुपए,10 पहिया वाहन पर 2 लाख रुपए, 10 पहिया से अधिक वाहन पर 4 लाख रुपए की पर्यावरण क्षति की राशि वसूली जाएगी।