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नौनिहालों पर गिर चुका है छज्जा, अब कभी भी गिर सकती है आंगनवाड़ी की जर्जर छत

मीरा नगर आंगनबाड़ी के जर्जर भवन की मरम्मत के लिए आठ सालों से लग रही है गुहार...  
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aaganwadi

भोपाल। मीरा नगर में सांई मंदिर के ठीक पीछे चलने वाली मीरा नगर की आंगनबाड़ी का भवन बुरी तरह से जर्जर हो चुका है। भवन का बाहरी छज्जा गिर चुका है, लेकिन इससे भी खतरनाक बात यह है कि इस बिल्डिंग की छत भी बैठ रही है।

भवन की बदहाली को लेकर एक-दो नहीं बल्कि आठ सालों से अधिकारियों को शिकायतें भेजी जा चुकी हैं, हाल ही में कलेक्टर की जनसुनवाई तक में इसकी शिकायत की गई, लेकिन इस भवन में सुधार कार्य तो दूर जिम्मेदारों ने यहां आकर देखने की जहमत तक नहीं उठाई है।

यह 866 क्रमांक आंगनबाड़ी लगभग 15 साल पहले इस भवन में शुरू हुई थी। तीन-चार साल में ही भवन की निर्माण गुणवत्ता की शिकायतें सामने आने लगी।

तत्कालीन आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने सूचनाएं दी लेकिन अधिकारियों ने इस ओर ध्यान ही नहीं दिया। धीरे-धीरे भवन बदहाल होने लगा, 2014 में भवन का बाहरी छज्जा गिर गया। इसके बाद कुछ समय के लिए आंगनबाड़ी को यहां से हटा दिया गया लेकिन बाद में बिना मरम्मत के बाद फिर आंगनबाड़ी इसी भवन में शुरू करवा दी गई।

यहां मीरा नगर के दो दर्जन से ज्यादा बच्चे आते हैं। आंगनबाड़ी की कार्यकर्ताओं सहित स्थानीय निवासी जनसुनवाई में शिकायत की है लेकिन बच्चों की सुरक्षा की चिंता के बिना लगातार मासूमों की जान को खतरे में डालकर आंगनबाड़ी चलाई जा रही है।

नगर निगम सिर्फ नोट करके ले गया
रहवासियों ने बताया कि एक साल पहले महापौर की चौपाल में भी इसकी शिकायत की गई थी। जिस पर नगर निगम के इंजीनियर इसकी जांच करने तो आए थे,लेकिन भवन की मरम्मत नहीं की गई। कुछ दिनों से लिए आंगनबाड़ी यहां बंद करवा दी गई,लेकिन जब सुधार नहीं हुआ तो इसे दोबारा शुरू कर दी गई।
इनका कहना

31 जुलाई 2017 को महापौर चौपाल में हमने लिखित इसकी शिकायत की और रहवासियों ने जून 2018 में महिला बाल विकास में भी शिकायत की, लेकिन आंगनबाड़ी भवन के सुधार को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। जिस तरह से बारिश हो रही है। आंगनबाड़ी कभी भी धराशायी हो जाएगी।
- मंजु माली, रहवासी