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व्हाइट हाउस की सिक्योरिटी करने वाले बेल्जियन मेलिनॉइज अब एमपी पुलिस के डॉग स्क्वायड में शामिल

23वीं बटालियन में 26 नए डॉग्स पप्पी की आमद, 2 फीट गहराई में छिपे सबूत भी ढूंढ लेता है यह डॉग

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भोपाल

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Vikas Verma

Apr 10, 2019

Belgian Malinois Dog in MP police

Belgian Malinois Dog in MP police

विकास वर्मा, भोपाल। बेल्जियन मेलिनॉइज यह डॉग्स की वो ब्रीड है जिसे दुनियाभर के सर्वे के बाद व्हाइट हाउस की सिक्योरिटी के लिए चुना गया। यह दुनिया के फुर्तीले डॉग्स की एक ऐसी ब्रीड है, जो भारत में इंडियन आर्मी, सीआरपीएफ, आईटीबीपी और बीएसएफ के पास है। वहीं पिछले साल से यह डॉग्स एमपी फॉरेस्ट डिपार्टमेंट की ओर से शिकारियों को पकडऩे और बाघों की सुरक्षा कर रहे हैं। अब यही बेल्जियन मेलिनॉइज एमपी पुलिस के डॉग स्क्वायड में शामिल होने जा रहे हैं।

23वीं बटालियन के पुलिस ट्रेनिंग सेंटर (डॉग) में 26 नए डॉग पप्पी की आमद हुई है। इन नए मेहमानों को पिछले दिनों हैदराबाद से खरीद कर लाया गया है। इनमें 12 जर्मन शेफर्ड, 12 डाबरमैन और 2 बेल्जियन मेलिनॉइज पपी भी हैं। यह पहला मौका है जब एमपी पुलिस के डॉग स्क्वॉयड में बेल्जियम मेलिनोइस को शामिल किया जा रहा है। यह डॉग्स का आईक्यू लेवल काफी बेहतर होता है और ट्रेनिंग में काफी जल्दी सीखता है।

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डॉग्स को देते हैं तीन तरह की ट्रेनिंग

इन डॉग्स को तीन तरह की ट्रेनिंग दी जाती है। इसमें ट्रैकर, एक्सप्लोसिव और नार्कोटिक्स ट्रेनिंग शामिल होती है। इन डॉग्स को पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में 9 महीने की ट्रेनिंग दी जाएगी। इन्हें ट्रेंड करने के बाद विभिन्न जिलों में पोस्टेड किए जाएंगे। इन खरीदे गए सभी डॉग्स की उम्र 2.5 महीने से लेकर 6 महीने तक की है। ट्रेनिंग के बाद एक डॉग की अधिकतम सेवा 10 साल की उम्र तक होती है। उसके बाद उसे रिटायर्ड कर दिया जाता है। रिटायर्ड होने के बाद 23वीं बटालियन में ही उनकी देख-भाल की जाती है।

बेल्जियन मेलिनॉइज की खासियत

यह डॉग 2 फीट गहराई में यदि किसी ने तस्करी का सामान छिपाया हो तो उसे ढूंढ निकालता है। 24 घंटे बाद भी किसी व्यक्ति के रास्ते से गुजरने की गंध को पहचान लेता है और 2 से 3 फीट तक ऊंची दीवार को बिना रुके पार कर लेता है।

एक डॉग की ट्रेनिंग पर खर्च होता है 1 लाख

एक डॉग की 9 महीने की ट्रेनिंग के दौरान करीब 1 लाख रुपए का खर्च आता है। वहीं ट्रेनिंग के बाद एक डॉग पर प्रतिमाह 8 से 12 हजार रुपए का खर्च होता है। डॉग को ट्रेनिंग के दौरान जो हैंडलर और ट्रेनर दिया जाता है वो उसके साथ लाइफ टाइम रहता है।

बेल्जियन मेलिनॉइज की कीमत 80 हजार

मध्य प्रदेश में पुलिस डॉग्स को ट्रेंड करने की जिम्मेदारी 23वीं बटालियन की है। 23वीं बटालियन के डीएसपी राम बाबू पाठक ने बताया कि डाबरमैन 35 हजार, जर्मन शेफर्ड 50 हजार और बेल्जियन मेलिनॉइज ब्रीड के एक डॉग पप्पी की कीमत 80 हजार रुपए है।

23वीं बटालियन के पास हैं 168 डॉग्स

23वीं बटालियन के पास अभी 142 पुराने डॉग्स और 26 डॉग पप्पी हैं। इनमें जर्मन शेफर्ड, डाबरमैन और लेब्राडोर ब्रीड के डॉग्स हैं। इनमें 5 ऐसे डॉग्स हैं जो 10 साल सर्विस कर चुक हैं और अब रिटायर्ड हैं। बटालियन के पास 168 डॉग हैंडलर हैं।


डेली ऑन ड्यूटी रहते हैं 11 डॉग्स

राजधानी भोपाल में 4 डॉग्स सीएम हाउस में तैनात रहते हैं। जबकि बम एंड डिस्पोजल स्क्वायड के साथ 4 डॉग्स रहते हैं। इसके अलावा 2 डॉग्स पुलिस कंट्रोल रूम और 1 डॉग जीआरपी भोपाल को दिया गया है। यह सभी डॉग्स ड्यूटी के बाद डॉग हैंडलर के साथ वापस रेस्ट के लिए 23वीं बटालियन के डॉग्स कैनाल में आते हैं।