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सोशल मीडिया पर खूबसूरत दिखने अब पार्लर नहीं, यहां पहुंच रहे यूथ

खूबसूरत दिखने अब पार्लर नहीं जा रहे हैं युवा। आजकल उन्हें लुभा रहा परमानेंट ब्यूटी का ये फॉर्मूला...

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भोपाल। सोशल मीडिया हो या शादी-पार्टी की फोटो, हर कोई उनमें सुंदर दिखना चाहता है। आजकल स्मार्ट फोन कैमरे में ब्यूटी, पोट्रेट जैसे ऑप्शन भी खुद को सुंदर दिखाने में यूथ की मदद कर हैं। लेकिन अब यूथ का यह ट्रेंड तेजी से बदलता नजर आ रहा है। अब फोटो और सोशल मीडिया पर नजर आने वाली सुंदरता के लिए यूथ पार्लर या मेकअप से दूर हो रहे हैं। अब ट्रेंड परमानेंट ब्यूटी की ओर बढ़ चला है। ऐसे में युवा अब प्लास्टिक सर्जरी कराने से भी परहेज नहीं कर रहे हैं। अब रिंकल और चेहरे के दाग का सर्जरी से परमानेंट ट्रीटमेंट कराया जा रहा है। इसका सबसे ज्यादा इस्तेमाल यू-ट्यूब और इंस्टाग्राम जैसी सोशल साइट्स के इंफ्लूएंसर कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें अपने हर वीडियो या रील में सबसे अलग दिखना होता है। इसके लिए वे शहर के डर्मेटोलॉजिस्ट, कॉस्मेटोलॉजिस्ट और प्लास्टिक सर्जन की सलाह ले रहे हैं। लड़कियां फेस लिफ्टिंग, होठ का कलर चेंज करवाना पसंद कर रही हंै। तो लड़के नोज सर्जरी और फेस ग्लोइंग ट्रीटमेंट ले रहे हैं। इसके लिए वे 40 हजार से एक लाख रुपए तक खर्च कर रही हैं।

फेस लिफ्टिंग और लिप कलर को लेकर बढ़ा है क्रेज
कॉस्मेटिक एंड प्लास्टिक सर्जन डॉ. सुनील राठौर का कहना है कि लड़कियां फेस लिफ्टिंग, नोज करेक्शन, पीलिंग और पॉलिशिंग के अलावा होठ को मोटा या पतला करवाना पसंद करती हैं तो, उनका कलर भी ब्लैक से पिंक करवाना पसंद कर रही हैं। वे बॉडी कंटूरिंग ट्रीटमेंट, थाई एंड आर्म लिफ्ट ट्रीटमेंट, परमानेंट हेयर रिमूव ट्रीटमेंट, नेक लिफ्ट, ब्रेस्ट लिफ्टिंग व डबल चीन को ज्यादा प्रिफर कर रही हैं। वहीं, फेस लिफ्टिंग व लिप का कलर चेंज कराने के केस ज्यादा सामने आए हैं। इसमें अंदर की स्किन में कुछ थ्रेड का घोल बनाकर टाइटेन लगाया जाता है। यह 6 महीने के लिए रहती है। कुछ लोग स्किन को टाइट कराने के लिए बोटॉक्स कराते हैं। यह एक केमिकल होता है जिसका असर 4 से 6 महीने तक ही दिखता है। वहीं, सर्जरी प्रोसेस में कान के पीछे चीरा लगाकर अंदर और बाहर के टिसू को टाइट और ऊपर की स्किन को ट्रिम करा रही हैं। इसका असर 7 से 10 साल तक रहता है। फिर ऐज के साथ स्किन लूज होने लगती है। प्रेग्नेंसी के बाद लूज हुई चर्बी को टाइट या ब्रेस्ट सर्जरी की डिमांड भी तेजी से बढ़ रही है। इसके अलावा मां बनने के बाद फेस पर होने वाले काले दाग को हटाने का ट्रीटमेंट भी अब चलन में है।

लड़के भी नहीं पीछे
प्लास्टिक सर्जन डॉ. राहुल दुबेपुरिया ने बताया कि फैशन के मामले में शहर के लड़के भी पीछे नहीं है। वे भी राइनोप्लास्टी, नोज की सर्जरी या फेस पर लगे चोट के निशानों को सही कराने के लिए प्लास्टिक सर्जन के पास आ रहे है। वे एक्ने और फेस ग्लोइंग का ट्रीटमेंट भी करा रहे हैं। डॉ. राहुल का कहना है कि प्रॉपर डाइट और स्लीपिंग टाइम सेट कर चेहरे के ग्लो को बनाए रख सकते है। अगर शरीर में कोई विकृति है तो आप सर्जरी के जरिए ही कम कर पाएंगे। प्लास्टिक सर्जरी कॉस्मेटिक सर्जरी नहीं हैं। ये आपके लुक को अकेला इनहेंस नहीं करती, बल्कि इनकंप्लीट को कंप्लीट करती है। अगर आप किसी भी तरह की सर्जरी कराते हैं तो ध्यान रखें कि जिसके पास सर्जरी करवा रहे हैं, वह ट्रेंड हो, उसके पास डिग्री हो और वह क्वालीफाई भी हो।