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इस अनाज मंडी में नहीं है किसानों को ठौर, आश्रय को लेकर भटकने को मजबूर अन्नदाता

बज्जू अनाज मंडी में किसान भवन का अभाव से निराश

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इस  अनाज मंडी में नहीं है किसानों को ठौर, आश्रय को लेकर भटकने को मजबूर अन्नदाता

इस अनाज मंडी में नहीं है किसानों को ठौर, आश्रय को लेकर भटकने को मजबूर अन्नदाता

बीकानेर. बज्जू. बज्जू कृषि उपज मंडी सीमावर्ती क्षेत्र की बड़ी कृषि मंडी है। यहां ना केवल स्थानीय बल्कि निकटवर्ती जिलों के सीमावर्ती गांवों से किसान अपनी मेहनत की कमाई अनाज लेकर आते है, लेकिन मंडी में आश्रय को लेकर अन्नदाता भटकते नजर आते हैं। इस कृषि उपज मंडी में वर्षभर किसानों का आना जाना रहता है, लेकिन ठहरने की सुविधा के नाम पर आज वर्षो से बगले ताकते नजर आते हैं। किसानों ने बताया कि इसको लेकर लंबे समय से मांग की जा रही है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। किसान सांझ होते ही अपने ठौर के लिए सोचने लग जाते हैं।

किसान भवन बने, तो मिले राहत
कृषि मंडी में आने वाले किसानों को ठहरने के लिए किसान भवन का निर्माण होने से राहत मिल सकती है। मंडी परिसर में किसान भवन बन जाए, तो सर्दी हो या गर्मी का मौसम किसानों को ठहरने के लिए आश्रय स्थल बन जाएगा। वर्तमान में किसान किसी दुकान या अपने जान पहचान वालों के घरों में जाकर रुकने को मजबूर है। वहीं दुकानदारों को भी सीजन के समय एक साथ ज्यादा किसानों को ठहराने को लेकर परेशानी उठानी पड़ती है।

केंद्रीय कृषि मंत्री ने दिया था आश्वासन
करीब एक से डेढ़ वर्ष पहले केंद्रीय कृषि मंत्री कैलाश चौधरी बज्जू पहुंचे थे। तब जनप्रतिनिधियों व किसानों ने कृषि मंडी बज्जू में किसान भवन व अन्य मांगों को रखा। इस पर मंत्री चौधरी ने किसान भवन की मांग को जायज मानते हुए जल्द मांग पूरा करने का आश्वासन दिया था। इसके बाद अब तक किसानों को मांग पूरा होने का इंतजार है।

रोज होती परेशानी
कृषि मंडी में सीजन के दौरान बड़ी संख्या में किसान जिन्सें लेकर मंडी पहुंचते हैं। कई बार ज्यादा अनाज आने के कारण बोली उस दिन लग नहीं पाती है और अगले दिन तुलाई नही हो पाती है, जिससे किसान को एक-दो दिन मंडी में ठहरना पड़ता है। साथ ही किसानों ने बताया कि वर्तमान में मंडी में दोअलग अलग दिशा में शौचालय जरूर बने है, लेकिन दोनों में पानी का कनेक्शन नहीं है, जिससे निराशा उठानी पड़ती है।

इनका कहना है
बज्जू अनाज मंडी में किसान भवन को लेकर जनप्रतिनिधियों से लेकर प्रशासन तक को कई बार अवगत करवाया जा चुका है।
भागीरथ ज्याणी, अध्यक्ष, बज्जू अनाज मंडी

कृषि मंडी में किसानों के लिए किसान भवन को लेकर लंबे समय से प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन मांग पूरी नहीं होने से परेशानी उठानी पड़ रही है। अब फिर से किसानों के लिए प्रयास करेंगे।
मदनसिंह भाटी, व्यापारी, बज्जू अनाज मंडी

वर्षों से किसानों की जायज मांग है। मंडी में किसानों के लिए हर सीजन में यह परेशानी आती है। एक बार फिर से प्रशासन व जनप्रतिनिधियों को अवगत करवाया जाएगा।
मांगीलाल भाम्भू, व्यापारी, बज्जू अनाज मंडी

सर्दी व गर्मी के दिनों में मंडी में रुकने के लिए किसान बगले ताकने को मजबूर है। किसानों की सुनने वाला कोई नहीं है। किसान भवन मंडी की प्राथमिकता होनी चाहिए।
शेराराम, किसान, सांखला फांटा

सर्दी के मौसम में अन्नदाता को अनाज मंडी में व्यापारियों व मंडी से दूर पहचान वालों के भरोसे रात काटनी पड़ती है, यदि ठहरने की सुविधा हो जाए, तो राहत मिल जाएगी।
कुंभाराम, किसान, बांगड़सर क्षेत्र

सीजन के दिनों में एक-दो दिनों तक अनाज मंडी में रुकना पड़ता है और प्रशासन को हर बार अवगत करवाया जाता है, लेकिन आज तक किसी ने किसानों की सुध लेने का प्रयास नहीं किया है।
मेघाराम, किसान, आरडी 860 क्षेत्र