अस्पताल अधीक्षक डॉ. घीया ने कहा कि जनाना अस्पताल का निरीक्षण सभी मरीजों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। वहीं डॉ. सुरेंद्र वर्मा ने बताया कि एक्यूट किडनी इंजरी के कई कारण हो सकते हैं, जिनमें संक्रमण भी शामिल है। संक्रमण की आशंका को देखते हुए अस्पताल में अत्याधुनिक इन्फेक्शन डिटेक्टर मशीन लगाने की तैयारी की जा रही है, जो महज 90 सेकंड में संक्रमण की पहचान कर सकेगी। अब पूरे मामले की जांच रिपोर्ट पर सबकी नजरें टिकी हैं कि आखिर प्रसूताओं की किडनी खराब होने के पीछे संक्रमण है या कोई अन्य चिकित्सकीय कारण।