
धरती में धंसे मकान (फोटो-पत्रिका)
बीकानेर। नोखा के रोड़ा रोड पर गौतम मंदिर के पीछे बसी कॉलोनी में शुक्रवार देर रात तेज धमाके के साथ दो मकान जमीन में समा गए। इससे मकानों में रखा घरेलू सामान करीब 30 फीट गहरे गड्ढे में चला गया। गनीमत रही कि हादसे के समय मकान में कोई मौजूद नहीं था।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पटवारी भगवंत लोहार ने उच्चाधिकारियों को अवगत कराया। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आसपास के 7 मकानों को खाली करवाकर बेरिकेटिंग करा दी है।
शुक्रवार रात करीब 11 बजे सीमा जोशी और कन्हैयालाल के मकान तेज धमाके के साथ जमीन में धंस गए। उस वक्त सीमा नाम की महिला व उसके बच्चे मकान के आगे वाले हिस्से में थे। जैसे ही तेज धमाका हुआ और मकान हिला, सभी दौड़कर बाहर आ गए। सीमा ने बताया कि मकान धंसने से अंदर रखा घरेलू सामान, जेवरात, नकदी आदि जमीन में समा गए।
महिला के पति साथ नहीं रहते हैं, वह तीन बच्चों के साथ मकान में रहती है। दूसरी ओर, कन्हैया लाल ने अपना मकान टेंट व्यवसायी श्रवण जोशी को किराए पर दे रखा था। उसमें टेंट का सामान रखा था। मकान धंसने से टेंट का सामान भी जमीन में समा गया।
स्थानीय लोगों के मुताबिक जिस स्थान पर यह हादसा हुआ है, वहां पहले बजरी की पुरानी खदान थी, जिससे जमीन के नीचे की खोखली परतें बनी हैं, जो हादसे का कारण बनती हैं।
टेंट व्यवसायी श्रवण जोशी ने बताया कि उसने कन्हैयालाल का मकान किराए पर ले रखा है और उसमें टेंट का सामान रखा था। हादसे से करीब 10 मिनट पहले ही वह मकान में ताला लगाकर निकला था। घर पर पहुंचा ही था कि फोन आया मकान धंस गया है।
तहसीलदार व नगरपालिका के कार्यवाहक अधिशासी अधिकारी चंद्रशेखर टाक ने बताया कि इस घटना के बाद आसपास के सात मकानों को खाली कराया है। इनमें निवास करने वाले परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर जाने को कहा गया है। यहां पट्टे जारी होने की जांच कर रहे हैं।
मकान में तीन बच्चों के साथ रहती रूं। पति साथ नहीं रहते। मकान जमींदोज होने से सारा सामान जमीन में दब गया है। अब परिवार को साथ लेकर कहां जाएं। प्रशासन जहां भी भेजेगा, वहीं चले जाएंगे। -सीमा जोशी, पीड़िता।
Updated on:
03 Aug 2025 07:43 am
Published on:
03 Aug 2025 07:43 am
