
सड़क पर बैठे मवेशी (Photo Patika)
Road Accident: बिलासपुर जिले में सड़कों पर बेसहारा मवेशियों की बढ़ती संख्या लगातार जानलेवा साबित हो रही है। बावजूद इसके जिला प्रशासन के पास न तो इन मवेशियों को हटाने की कोई ठोस योजना है और न ही हादसों में घायल या मृत मवेशियों को उठाने की कोई स्थायी व्यवस्था। इसका खमियाजा न केवल मवेशियों को भुगतना पड़ रहा है, बल्कि आमजन को भी जान-माल की हानि उठानी पड़ रही है।
बीते रविवार रात मस्तूरी-रायपुर नेशनल हाईवे पर कड़ार-सारधा चौक के पास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने सड़क पर बैठे 23 मवेशियों को अपनी चपेट में ले लिए। इनमें से 18 की मौके पर ही मौत हो गई, 5 घायल हैं। हादसे के बाद चालक वाहन समेत फरार हो गया। सुबह जब राहगीरों ने खून से सनी सड़क पर मवेशियों के शव देखे, तब सूचना चकरभाठा थाने में दी।
रात में हादसे के बाद सुबह तक मृत मवेशी यूं ही पड़े रहे। गौसेवक जब मौके पर पहुंचे तब घायल गायों का उपचार कराया और मृत मवेशियों का सड़क किनारे गड्ढा खोदकर अंतिम संस्कार किया।
हाईकोर्ट के स्पष्ट निर्देश के बावजूद सड़क पर मवेशियों का डेरा खत्म नहीं हो रहा है। मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और जस्टिस रवींद्र कुमार अग्रवाल की खंडपीठ ने मार्च 2024 में राज्य सरकार और एनएचएआई को जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए थे, उसके बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। हाईकोर्ट ने यह भी कहा था कि यह केवल बिलासपुर की नहीं, पूरे राज्य की समस्या है।
इस हादसे ने प्रशासन की मवेशी प्रबंधन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह घटना पिछले 13 दिनों में दूसरी बड़ी दुर्घटना है। इससे पहले 14 जुलाई को भी नेशनल हाईवे पर 22 मवेशियों को एक तेज रफ्तार वाहन ने कुचल दिया था, जिसमें 17 की मौत हो गई थी। आंकड़ों की बात करें तो बिलासपुर में पिछले दो माह में 100 से अधिक मवेशी सड़क हादसों में अपनी जान गंवा चुके हैं।
जिला प्रशासन ने मैदानी अमलों को मवेशियों को सड़कों से हटाने का आदेश दिया था। दावा किया जा रहा है कि मवेशियों के गले में रेडियम लगाए जा रहे हैं। इसके साथ ही जनपद पंचायत से लेकर पंचायत सचिव की टीम बनाई गई है, जो रात सात बजे से 12 बजे तक सड़कों पर मवेशी हटाएंगे। फिर भी स्थिति जस की तस है।
शहर में मंगला से उसलापुर, सकरी रोड पर जगह-जगह मवेशी बैठे रहते हैं। इधर नूतन चौक से सीपत रोड, महाराणा प्रताप चौक से मंगला रोड, महामाया चौक से कोनी रोड, तोरवा से मोपका रोड, गांधी चौक से तोरवा चौक, लिंक रोड, राजेंद्र नगर रोड, नेहरू चौक से मंगला रोड, शनिचरी बाजार रोड, गोंडपारा, बृहस्पति बाजार, चिंगराजपारा हर जगह मवेशी सड़कों पर विचरण करते दिख जाएंगे।
Updated on:
29 Jul 2025 03:44 pm
Published on:
29 Jul 2025 03:44 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
