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उज्बेकिस्तान की दो महिलाओं की होगी वतन वापसी, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने डिपोर्टेशन प्रक्रिया शुरू करने के दिए निर्देश

Foreign Citizen Case: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने उज्बेकिस्तान की दो महिला नागरिकों को उनके देश भेजने का रास्ता साफ कर दिया है।
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बिलासपुर

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Laxmi Vishwakarma

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Updated: 18 Jun 2026, 5:54 PM IST

Chhattisgarh News

हाईकोर्ट (photo source- Patrika)

Uzbekistan Women: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने उज्बेकिस्तान की दो महिला नागरिकों से जुड़े मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए उनकी वतन वापसी का रास्ता साफ कर दिया है। बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने कहा कि जब सभी संबंधित पक्ष महिलाओं को उनके देश भेजने के पक्ष में हैं, तो मामले में आगे विचार की आवश्यकता नहीं रह जाती। इसके साथ ही कोर्ट ने डिपोर्टेशन की प्रक्रिया तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए हैं।

High Court Order: हाईकोर्ट ने कहा- सभी पक्ष सहमत, जल्द हो कार्रवाई

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार, केंद्र सरकार और उज्बेकिस्तान दूतावास की ओर से अदालत को बताया गया कि दोनों महिलाओं को जल्द से जल्द उनके देश भेजने पर सभी की सहमति है। दूतावास ने भी न्यायालय से डिपोर्टेशन प्रक्रिया को शीघ्र पूरा कराने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने का अनुरोध किया था। मामले की सुनवाई कर रही हाईकोर्ट की बेंच ने स्पष्ट किया कि चूंकि सभी पक्ष महिलाओं को उज्बेकिस्तान भेजने के पक्ष में हैं, इसलिए अब संबंधित एजेंसियां बिना देरी किए आवश्यक प्रक्रिया पूरी करें।

मार्च 2026 में होटल से हुई थी गिरफ्तारी

जानकारी के अनुसार उज्बेकिस्तान की नागरिक फेरूजा सबिरोवा और दिनोरा सफ्युतदिनोवा को मार्च 2026 में रायपुर के तेलीबांधा स्थित एक निजी होटल से पकड़ा गया था। जांच के दौरान पता चला कि एक महिला वीजा की अवधि समाप्त होने के बाद भी भारत में रह रही थी, जबकि दूसरी महिला के पास न तो वैध वीजा था और न ही पासपोर्ट। इसके बाद तेलीबांधा पुलिस ने अप्रैल 2026 में दोनों को गिरफ्तार कर लिया था। गिरफ्तारी के बाद से दोनों महिलाओं को डिटेंशन सेंटर में रखा गया था और मामले की कानूनी प्रक्रिया जारी थी।

चीफ जस्टिस की बेंच ने सुनाया फैसला

मामले की सुनवाई छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविन्द्र कुमार अग्रवाल की खंडपीठ ने की। अदालत के आदेश के बाद पुलिस और संबंधित एजेंसियों ने दोनों महिलाओं को जल्द उज्बेकिस्तान भेजने की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।

Raipur Foreign Nationals Case: रायपुर जेल में बंद हैं 10 विदेशी नागरिक

गौरतलब है कि रायपुर में विदेशी नागरिकों के अवैध रूप से निवास के मामलों में कार्रवाई लगातार जारी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार वर्तमान में रायपुर जेल में उज्बेकिस्तान की इन दो महिलाओं सहित कुल 10 विदेशी नागरिक बंद हैं। हाईकोर्ट के इस फैसले को विदेशी नागरिकों के डिपोर्टेशन और वीजा नियमों के पालन से जुड़े मामलों में एक महत्वपूर्ण आदेश माना जा रहा है, जिससे लंबे समय से लंबित इस मामले का समाधान होने का रास्ता साफ हो गया है।