
Salman Khan Actress Pooja Dadwal: वो चमकती आंखें और सलमान खान के साथ डेब्यू का वो सुनहरा सपना... किसे पता था कि किस्मत का सितारा इतनी बेरहमी से डूबेगा? आज जब हम चकाचौंध से भरी फिल्मी दुनिया को देखते हैं, तो हमें सिर्फ कामयाबी नजर आती है। लेकिन इसी मुंबई की एक अंधेरी चॉल में एक ऐसी अभिनेत्री भी रह रही है, जो कभी सिल्वर स्क्रीन पर राज करने का ख्वाब देख रही थी। क्या आप यकीन करेंगे कि जिस एक्ट्रेस ने खुद सलमान खान के साथ अपनी पहली फिल्म की, उसे मौत ने इस कदर घेरा कि अपनों ने ही उसे लावारिस छोड़ दिया? आखिर कौन है यह अदाकारा और कैसे एक कसीनो मालकिन से वह टिफिन सप्लाई करने वाली महिला बन गई? आइए जानते हैं पूजा डडवाल की रूह कंपा देने वाली कहानी।
हम जिस एक्ट्रेस की बात कर रहे हैं वह कोई और नहीं बल्कि पूजा डडवाल हैं जिन्होंने साल 1995 में फिल्म 'वीरगति' से बॉलीवुड में कदम रखा था। उस दौर में पूजा की खूबसूरती के चर्चे थे और उन्हें भविष्य की स्टार माना जा रहा था। फिल्म भले ही फ्लॉप रही, लेकिन पूजा ने सबका ध्यान खींचा। जब फिल्मों में बात नहीं बनी, तो उन्होंने टीवी का रुख किया, पर वहां भी कामयाबी ने उनसे दूरी बनाए रखी। थक-हारकर पूजा ने ग्लैमर की दुनिया को अलविदा कह दिया और शादी कर गोवा में बस गईं। वहां वह अपने पति के साथ कसीनो चला रही थीं और जिंदगी पटरी पर लौटती दिख रही थी।
साल 2018 पूजा की जिंदगी का सबसे काला साल साबित हुआ। उन्हें पता चला कि उन्हें टीबी (Tuberculosis) जैसी गंभीर बीमारी हो गई है। बीमारी ने न सिर्फ उनका शरीर तोड़ दिया, बल्कि उनका वजन घटकर हड्डियों का ढांचा रह गया। लेकिन सबसे बड़ा दर्द तब मिला जब उनके पति, ससुराल वालों और यहां तक कि मायके वालों ने भी उन्हें इस हालत में अकेला छोड़ दिया। पूजा के पास इलाज तो दूर, चाय-पानी तक के पैसे नहीं बचे थे। वह पाई-पाई को मोहताज होकर मौत का इंतजार करने लगीं।
जब पूजा की उम्मीदें टूट चुकी थीं, तब उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ जिसमें वह मदद की गुहार लगा रही थीं। जैसे ही यह खबर सलमान खान तक पहुंची, उन्होंने बिना देर किए अपना एनजीओ 'बीइंग ह्यूमन' मदद के लिए भेज दिया। सलमान ने पूजा के इलाज का सारा खर्च उठाया। पूजा आज भी नम आंखों से कहती हैं, "अगर आज मैं सांस ले रही हूं, तो सिर्फ सलमान की वजह से। उन्होंने मुझे दवाइयों से लेकर खाने तक का सामान मुहैया कराया।"
बीमारी को मात देने के बाद पूजा के पास वापस जाने के लिए कोई घर नहीं था। अपनों ने दरवाजे बंद कर लिए थे, इसलिए उन्होंने मुंबई की एक चॉल में पनाह ली। आज वह अपने एक दोस्त की मदद से टिफिन सर्विस चलाती हैं। वह खुद खाना बनाती हैं और लोगों तक पहुंचाती हैं ताकि अपना गुजारा कर सकें। 2020 में उन्होंने एक पंजाबी फिल्म से वापसी की कोशिश भी की, लेकिन वह असफल रही। चकाचौंध से चॉल तक का यह सफर किसी को भी भावुक कर सकता है।
Updated on:
03 May 2026 07:02 am
Published on:
03 May 2026 06:46 am
