
जमीन
बूंदी. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों से केन्द्रीय आयुष मंत्रालय के राष्ट्रीय आयुष मिशन के अंतर्गत बूंदी में लगभग 9.76 करोड़ रुपए की लागत से अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त 30 बेड के नवीन आयुष चिकित्सालय का निर्माण होगा। राज्य सरकार द्वारा चिकित्सालय भवन निर्माण के लिए 9.76 करोड़ रूपए की वित्तीय स्वीकृति जारी कर दी गई है तथा 15 अक्टूबर से टेंडर प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। दिसम्बर में निर्माण कार्य प्रारंभ होगा। चिकित्सालय के लिए माटूंदा रोड केंद्रीय विद्यालय के पास गांधी ग्राम में जगह चिन्हित की है। राजस्थान स्टेट एग्रीकल्चर मार्केङ्क्षटग बोर्ड को कार्यकारी एजेंसी नियुक्त गया है। आयुष चिकित्सालय के निर्माण से बूंदी में विश्वस्तरीय आयुर्वेद चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। जिससे स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ अन्य जिलों व राज्यों के रोगी भी लाभान्वित होंगे।
दो मंजिला होगा नया भवन
दो मंजिला नवीन चिकित्सालय पंचकर्म, क्षारसूत्र, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा, बहिरंग व अंतरंग विभाग, औषधीय उद्यान और पाकशाला जैसी विश्वस्तरीय आयुष सुविधाओं से सुसज्जित होगा। साथ ही, अत्याधुनिक उपकरणों व संसाधनों के लिए आयुष मिशन द्वारा 3 करोड़ रुपए के अतिरिक्त बजट का भी प्रावधान किया गया है। नवीन आयुर्वेद चिकित्सालय के निर्माण से आमजन को जीर्ण, जटिल व कष्ट साध्य रोगों के उपचार में बड़ी राहत मिलेगी और बूंदी में आयुर्वेद चिकित्सा के क्षेत्र में नया अध्याय जुड़ जाएगा।
टूरिज्म को मिलेगी नई दिशा
ऐतिहासिक एवं पर्यटन नगरी बूंदी में बड़ी संख्या में विदेशी पर्यटक आते हैं। इस लिहाज से पंचकर्म जैसी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होने से यहां आयुष मेडिको-टूरिज्म को नई दिशा मिलेगी। वर्तमान में बूंदी का राजकीय जिला आयुर्वेद चिकित्सालय बालचंद पाड़ा स्थित पुराने रियासत कालीन भवन में संचालित है। सीमित संसाधन व सुविधाओं के अभाव के कारण यहां लंबे समय से नए भवन की मांग थी।
पत्रिका ने उठाया था मुद्ïदा
राजस्थान पत्रिका ने कई बार समाचार प्रकाशित कर बूंदी के पंचकर्म सेंटर की विशेषताएं उजागर की थी। यहां सुविधाओं के अभाव के बाद भी सटीक व सुलभ उपचार के चलते देश के विभिन्न राज्यों व विदेशों से भी लोग उपचार करवाने आ रहे है।
Updated on:
17 Oct 2025, 11:55 AM IST
Published on:
17 Oct 2025, 11:55 AM IST
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