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एक्सपर्ट बोले- ‘जानलेवा हो सकती है लू…’, ये 6 लक्षण दिखें तो सावधान !

MP News: मौसम का सीधा असर छोटे बच्चों की सेहत पर अधिक दिखाई दे रहा है। मौसमी डायरिया के चलते लगातार दस्त के कारण कई बच्चों के शरीर में पानी की कमी होने से कमजोर होकर बेहाशी की हालत में पहुंच रहे है।

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Heatstroke

Heatstroke (Photo Source - Patrika)

MP News: शहर में 43 डिग्री की भीषण गर्मी का सीधा असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। दिनभर गर्म हवा चलने से लू लगने के साथ डायरिया, डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या दो गुना बढ़ गई। छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक घबराहट, बेचैनी, उल्टी, दस्तक का इलाज कराने के लिए हर दिन 30 से अधिक मरीज जिला अस्पताल के मेडिकल, शिशु वार्ड में भर्ती हो रहे है। सुबह से ही सूरज के तल्ख तेवर नजर आए।

दोपहर के समय गर्म हवा चलने से सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। जिला अस्पताल में शहरी सहित ग्रामीण क्षेत्रों से 30 नए मरीज भर्ती हुए है। बेड फुल होने पर डॉक्टर ठीक होने वाले मरीजों की 24 घंटे में ही छुट्टी कर ओआरएस, सामान्य दवाइयां देकर घर पर आराम करने व अधिक से अधिक पानी पीने की सलाह दे रहे है।

बच्चों की सेहत पर असर

मौसम का सीधा असर छोटे बच्चों की सेहत पर अधिक दिखाई दे रहा है। मौसमी डायरिया के चलते लगातार दस्त के कारण कई बच्चों के शरीर में पानी की कमी होने से कमजोर होकर बेहाशी की हालत में पहुंच रहे है। ऐसे में वार्ड में भर्ती बच्चों को लगातार ओआरएस का घोल देने के साथ स्लाइन के माध्यम से शरीर में पानी की मात्रा को बढ़ाने की कोशिश की जा रही है। सुबह, शाम के समय ऐसे गंभीर बच्चों को डॉक्टरों की निगरानी में रखा जा रहा है। एक साल से लेकर 5 साल तक के बच्चों की संख्या अधिक है।

डॉक्टर बोले- जानलेवा हो सकती है लू

शिशुरोग विशेष डॉक्टर भूपेंद्र गौर ने कहा कि इस समय तापमान बढ़ने के साथ गर्म हवा चलने से छोटे बच्चों के साथ बुजुर्गों की सेहत पर सीधा असर हो रहा है। कही बार अत्याधिक गर्मी में लू लगना भी जानलेवा भी हो सकती है। गर्मी के समय घर से बाहर निकलते समय सावधानी रखें। शरीर से पसीना निकल रहा हैतो लगातार पानी पीते रहे। पांच वर्ष तक के बच्चों और 60 वर्ष से अधिक आयु वाले बुजुर्ग एवं अन्य बीमारी से पीड़ित मरीजों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। चक्कर, घबराहट, कमजोरी, अधिक प्यास लगना, सिर में दर्द होने पर डॉक्टर को चेकअप जरुर कराए।

ये सावधानियां जरूरी

-दोपहर में बाहर निकलने से परहेज करें।

-मौसमी सब्जियां, फलों का सेवन करें।

-खुले रखी और बासी खाद्य सामग्रियों से बचें।

-पेट में दर्द, बुखार, उल्टी होने पर तुरंत इलाज कराएं।

-हल्के और ढीले कपड़े पहनें

लू लगने के लक्षण

-शरीर का तापमान 40 डिग्री से अधिक हो जाना

-तेज सिर दर्द और चक्कर आना

-अत्यधिक थकावट और कमजोरी

-उल्टियां होना, दिल की धड़कन तेज होना

-त्वचा का लाल और गर्म हो जाना

-पसीना आना बंद होने के साथ बेहोश होना