
MSCI India index में बड़े बदलाव हुए हैं। (PC: Freepik)
ग्लोबल इंडेक्स सर्विस प्रोवाइडर MSCI ने अपने इंडिया स्टैंडर्ड इंडेक्स और स्मॉलकैप इंडेक्स में बदलावों का ऐलान किया है। MSCI इंडिया स्टैंडर्ड इंडेक्स में चार शेयरों को शामिल किया गया है। जबकि दो को हटा दिया गया है। इनमें तीन शेयरों को इंडिया स्टैंडर्ड इंडेक्स में अपग्रेड किया है और तीन शेयरों को स्टैंडर्ड इंडेक्स से स्मॉलकैप इंडेक्स में ट्रांसफर कर दिया है। MSCI ने एक बयान में कहा कि MSCI इंडिया स्टैंडर्ड और स्मॉलकैप इंडेक्स में ये बदलाव 24 नवंबर, 2025 को बाजार बंद होने के बाद लागू हो जाएंगे।
चार कंपनियों, फोर्टिस हेल्थकेयर, वन97 कम्युनिकेशंस (पेटीएम), सीमेंस एनर्जी और GE वर्नोवा T&D इंडिया के शेयरों को MSCI इंडिया स्मॉलकैप इंडेक्स से MSCI इंडिया स्टैंडर्ड इंडेक्स में अपग्रेड किया गया है, जो उनके बढ़ते मार्केट कैप और लिक्विडिटी को दर्शाता है। जबकि टाटा एलेक्सी, कंटेनर कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (CONCOR) और एस्ट्रल लिमिटेड को स्टैंडर्ड इंडेक्स से स्मॉलकैप इंडेक्स में डाला गया है।
इसके अलावा, इन कदमों के साथ-साथ, MSCI के इंडिया रिव्यू में FSN ई-कॉमर्स वेंचर्स (नायका), इंडियन बैंक और सीमेंस एनर्जी इंडिया को भी MSCI इंडिया स्टैंडर्ड इंडेक्स में शामिल किया गया है। इस कैटेगरी में कुल 6 शेयर जोड़े गए और 3 हटाए गए हैं। दूसरी तरफ, व्यापक स्मॉलकैप रिव्यू में 7 शेयरों को जोड़ा गया है। स्मॉलकैप बास्केट के नए शेयरों में ब्लू जेट हेल्थकेयर, हनीवेल ऑटोमेशन, लीला पैलेसेस होटल्स और थर्मैक्स शामिल हैं। वहीं, हटाए गए स्मॉलकैप शेयरों में फोर्टिस हेल्थकेयर, GE वर्नोवा T&D इंडिया और वन97 कम्युनिकेशंस शामिल हैं, जो अब लार्जकैप इंडेक्स में शामिल हो गए हैं।
MSCI ने यह भी बताया कि इन कुल आठ शेयरों के वेटेज में भी बढ़ोतरी की जाएगी। जबकि छह के वेटेज में कमी होगी। जिसके चलते MSCI स्टैंडर्ड इंडेक्स में भारत का वेटेज पहले के 15.5% से बढ़कर 15.6% हो जाएगा और कंपनियों की कुल संख्या पहले के 161 से बढ़कर 163 हो जाएगी।
जिन शेयरों के वेटेज बढ़ेंगे, उनमें एशियन पेंट्स, अपोलो हॉस्पिटल्स, ल्यूपिन, SRF, सुजलॉन एनर्जी, यस बैंक, एल्केम लैबोरेटरीज और जुबिलेंट फूडवर्क्स शामिल हैं। दूसरी ओर, संवर्धन मदरसन, डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज, REC, जायडस लाइफसाइंसेज, भारत फोर्ज और कोलगेट-पामोलिव इंडिया ऐसे शेयर हैं जिनके वेटेज कम होंगे।
नुवामा रिसर्च के मुताबिक, फोर्टिस और तीन दूसरे शेयरों को स्टैंडर्ड इंडेक्स में शामिल करने से 252 मिलियन से लेकर 436 मिलियन डॉलर का इनफ्लो देखने को मिल सकता है। जबकि जिन दो शेयरों को बाहर किया गया है, उससे 162 मिलियन डॉलर का आउटफ्लो देखने को मिलेगा।
Updated on:
6 Nov 2025, 1:06 PM IST
Published on:
6 Nov 2025, 1:06 PM IST
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