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RBI का बड़ा निर्णय, दिवालिया हो चुके बैंकों के ग्राहकों को मिलेगी 5 लाख रुपए तक की राशि

गत माह ही संसद में डीआइसीजीसी संशोधन विधेयक पास किया गया था। इस विधेयक के अनुसार रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की ओर से बैंकों में मोरटोरियम लागू करने के 90 दिनों के अंदर ग्राहकों को पैसे वापस देने की प्रावधान किया गया है।

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Sunil Sharma

Sep 23, 2021

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नई दिल्ली। रिजर्व बैंक की सहायक डिपोजिट इंश्योरेंस क्रेडिट गारंटी कॉर्पोरेशन (DICGC) ने दिवालिया हो चुके बैंकों के ग्राहकों के लिए बड़ा निर्णय लेते हुए ऐसे सभी बैंकों के ग्राहकों की लिस्ट मांगी है। ऐसे सभी खाता धारकों को 29 दिसंबर तक पीएमसी बैंक सहित अन्य 21 दिवालिया हो चुके बैंकों में जमा कराया गया पैसा वापिस दिया जाएगा। इसके लिए रिजर्व बैंक ने DICGC को सभी पात्र ग्राहकों की 90 दिन के अंदर लिस्ट बना कर देने के लिए कहा है।

उल्लेखनीय है कि गत माह ही संसद में डीआइसीजीसी संशोधन विधेयक पास किया गया था। इस विधेयक के अनुसार रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की ओर से बैंकों में मोरटोरियम लागू करने के 90 दिनों के अंदर ग्राहकों को पैसे वापस देने की प्रावधान किया गया है। आपको बता दें कि बैंकों में ग्राहकों द्वारा जमा की जाने वाली राशि इंश्योरेंस के जरिए कवर की जाती है ताकि यदि भविष्य में कभी बैंक किसी तरह के आर्थिक संकट में फंस जाए या दिवालिया हो जाए तो बैंक के अकाउंट होल्डर्स को अधिकतम पांच लाख रुपए मिल सकते हैं चाहे उनके द्वारा जमा कराई गई राशि पांच लाख रुपए से ज्यादा हो। कुछ समय पहले तक यह राशि एक लाख रुपए थी।

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महाराष्ट्र और कर्नाटक के बैंक हुए सबसे ज्यादा दिवालिया
रिजर्व बैंक ने जिन 21 दिवालिया हो चुके बैंकों की लिस्ट मांगी है, उनमें सर्वाधिक 11 बैंक महाराष्ट्र के हैं जबकि पांच बैंक कर्नाटक के हैं। इनके अलावा राजस्थान, पंजाब, केरल, उत्तर प्रदेश और मध्यप्रदेश का भी एक-एक बैंक इस लिस्ट में शामिल किया गया है।

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29 दिसंबर तक मिल जाएंगे अकाउंट होल्डर्स के पैसे
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सभी बैंक 15 अक्टूबर तक अपने योग्य खाताधारकों की लिस्ट डिपोजिट इंश्योरेंस क्रेडिट गारंटी कॉर्पोरेशन (DICGC) को सौंप देंगे। इस लिस्ट को बैंक 29 नवंबर तक अपडेट कर सकेंगे और इसमें ग्राहकों के मूलधन तथा ब्याज की गणना भी जोड़ सकेंगे। इसके बाद इन लिस्ट की जांच कर सभी योग्य अकाउंट होल्डर्स को पैसा दिया जाएगा। सूत्रों के अनुसार 29 दिसंबर तक डूबे हुए बैंकों के सभी योग्य खाता धारकों को पैसा मिल जाएगा।