17 जुलाई 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

RIL Q1 Results: रिलायंस का मुनाफा साल दर साल आधार पर 22% घटा लेकिन रेवेन्यू 25% बढ़ा, Jio ने फिर दिखाया दम

RIL Share Price Today: रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर आज 2.36 फीसदी की बढ़त लेकर 1327 रुपये पर बंद हुआ है। इस शेयर ने इस साल अब तक -15.66 फीसदी रिटर्न दिया है।
3 min read
Google source verification

भारत

image

Pawan Jayaswal

Jul 17, 2026

Reliance Industries Q1 Results

Reliance Industries का शेयर बढ़त के साथ बंद हुआ है। (PC: AI)

Reliance Industrie Q1 Result: मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज के लिए वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही मिली-जुली रही। एक तरफ कंपनी का शुद्ध मुनाफा पिछले साल की तुलना में 22.4 फीसदी घट गया, वहीं दूसरी ओर रेवेन्यू में साल दर साल आधार पर 25 फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज हुई। कंपनी के अलग-अलग कारोबारों में जियो सबसे मजबूत परफॉर्म करने वाला बिजनेस रहा, जबकि रिटेल कारोबार पर मार्जिन का दबाव बना रहा।

20,946 करोड़ रुपये रहा नेट प्रॉफिट

शुक्रवार को जारी नतीजों के मुताबिक अप्रैल-जून तिमाही में रिलायंस का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 20,946 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में कंपनी ने 26,994 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया था। हालांकि, पिछली तिमाही के मुकाबले कंपनी की कमाई में अच्छी ग्रोथ हुई है। जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में कंपनी का मुनाफा 16,971 करोड़ रुपये था। यानी इस बार इसमें तिमाही दर तिमाही आधार पर करीब 23 फीसदी की बढ़ोतरी हुई।

रेवेन्यू बढ़कर 3,11,850 करोड़ रुपये पर पहुंचा

चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में कंपनी का परिचालन से होने वाला राजस्व बढ़कर 3,11,850 करोड़ रुपये पहुंच गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह 2,48,660 करोड़ रुपये था। EBITDA भी बढ़कर 54,067 करोड़ रुपये रहा। हालांकि, EBITDA मार्जिन सालाना आधार पर घटकर 15.9 फीसदी रह गया।

कंपनी के कर्ज में आई गिरावट

एक राहत की बात यह रही कि कंपनी का कुल कर्ज घटकर 3,69,705 करोड़ रुपये रह गया, जो बीते वित्त वर्ष की आखिरी तिमाही में 3,74,421 करोड़ रुपये था। मुकेश अंबानी ने कहा कि वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और कमोडिटी बाजार में उतार-चढ़ाव के बावजूद कंपनी के सभी कारोबारों ने मजबूत परफॉर्म किया है। उनका कहना है कि विविध कारोबार मॉडल की वजह से रिलायंस ने एक बार फिर अपनी मजबूती साबित की है।

जियो का रेवेन्यू और मुनाफा दोनों बढ़े

रिलायंस के लिए सबसे बड़ी ताकत एक बार फिर जियो प्लेटफॉर्म्स साबित हुआ। मोबाइल ग्राहकों की संख्या बढ़ने, डिजिटल सेवाओं के विस्तार और प्रति ग्राहक औसत आय (ARPU) में सुधार का सीधा फायदा कंपनी को मिला। जियो प्लेटफॉर्म्स का परिचालन राजस्व सालाना आधार पर 11.8 फीसदी बढ़कर 39,173 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। वहीं, शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 9.2 फीसदी बढ़कर 7,764 करोड़ रुपये रहा। EBITDA में 15.1 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज हुई।

जियो को प्रति यूजर कमाई में हुआ इजाफा

कंपनी का औसत राजस्व प्रति यूजर (ARPU) बढ़कर 215.6 रुपये हो गया, जो एक साल पहले की समान अवधि में 208.8 रुपये था। वहीं, प्रति ग्राहक डेटा खपत बढ़कर 43.7 GB प्रति माह पहुंच गई। कुल डेटा ट्रैफिक में सालाना आधार पर 26.9 फीसदी की बढ़ोतरी हुई।

मुकेश अंबानी ने बताया कि जियो ने इस तिमाही के दौरान सेबी के पास IPO के लिए DRHP दाखिल कर दिया है। उन्होंने कहा कि यह जियो की यात्रा का अहम पड़ाव होगा और इससे निवेशकों को भारत की डिजिटल ग्रोथ स्टोरी में भागीदारी का मौका मिलेगा।

रिटेल कारोबार में बिक्री बढ़ी, मुनाफा घटा

रिलायंस रिटेल की बिक्री तो बढ़ी, लेकिन मुनाफे पर दबाव बना रहा। कंपनी का रिटेल मुनाफा 14.2 फीसदी घटकर 2,806 करोड़ रुपये रह गया। हालांकि, परिचालन राजस्व में 8.2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई। EBITDA में हल्की गिरावट दर्ज की गई, जबकि मार्जिन भी कम हुआ। कंपनी का कहना है कि डिजिटल कॉमर्स में तेजी से विस्तार और उससे जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश के कारण निश्चित खर्च बढ़े हैं, जिसका असर मार्जिन पर पड़ा। तिमाही के अंत तक रिलायंस रिटेल के कुल स्टोर्स की संख्या बढ़कर 20,169 हो गई। पिछली तिमाही में यह संख्या 20,160 थी।

कच्चे तेल में तेजी से O2C कारोबार को मिला फायदा

रिलायंस के ऑयल-टू-केमिकल्स (O2C) कारोबार ने पहली तिमाही में रिकॉर्ड राजस्व दर्ज किया। कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल इसका सबसे बड़ा कारण रहा। इस कारोबार से आय 30.4 फीसदी बढ़कर 2,01,803 करोड़ रुपये पहुंच गई। कंपनी के मुताबिक कच्चे तेल की कीमतों में सालाना आधार पर 54 फीसदी से ज्यादा की तेजी रही। हालांकि, प्लांट के निर्धारित रखरखाव के कारण उत्पादन कुछ कम रहा। इस कारोबार के EBITDA में 17.2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई, लेकिन मार्जिन में हल्की गिरावट दर्ज की गई।

ऑयल और गैस कारोबार

ऑयल और गैस बिजनेस की बात करें, तो अप्रैल-जून तिमाही में इस कारोबार से कंपनी की आय 3.2 फीसदी बढ़कर 6,298 करोड़ रुपये हो गई। कंपनी ने बताया कि KG-D6 से तेल और कंडेनसेट की बेहतर कीमत, CBM गैस उत्पादन में बढ़ोतरी और अनुकूल विनिमय दर का फायदा मिला। हालांकि, EBITDA और मार्जिन में सालाना आधार पर मामूली गिरावट दर्ज की गई।

बढ़त के साथ बंद हुआ शेयर

रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर आज शुक्रवार को बढ़त के साथ बंद हुआ है। यह शेयर एनएसई पर 2.36 फीसदी या 30.60 रुपये की बढ़त के साथ 1327.20 रुपये पर बंद हुआ। इस शेयर ने 1 वीक में 1.61 फीसदी, 1 महीने में -0.29 फीसदी, साल 2026 में अब तक -15.66 फीसदी, 1 साल में -10 फीसदी, 3 साल में -4.97 फीसदी और 5 साल में 25.81 फीसदी रिटर्न दिया है। इस शेयर का 52 वीक हाई 1611.80 रुपये है, जो 5 जनवरी 2026 को दर्ज हुआ था। वहीं, 52 वीक लो 1253.20 रुपये है, जो 11 जून 2026 को दर्ज हुआ था। कंपनी का मार्केट कैप 17,98,203.75 करोड़ रुपये है। वहीं, शेयर का पीई रेश्यो 18.35 पर है।