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भुजलिया विसर्जन के दौरान महिलाओं की जमकर हंसी-ठिठोली 

भुजलिया नदी पर उपस्थित होकर भुजलिया विसर्जन के साथ भादों का आनंद उठाया। ग्राम में भुजलिया पर्व पर परंपरा है कि भुजलिया विसर्जन उपरांत कुछ भुजलिया घर लाई जाती है तथा नगर के प्रत्येक घरों में जाकर बुजुर्गों के हाथ में भुजलिया देकर चरण छूकर आशीर्वाद लिया जाता है। 

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Arun Garhewal

Aug 20, 2016

chhindwara

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उमरेठ/परासिया (छिंदवाड़ा). परंपरागत तरीके से उमरेठ परासिया मुख्य मार्ग पर स्थित भुजलिया नदी पर ग्राम पंचायत द्वारा भुजलिया विसर्जन एवं भादो का आयोजन रखा गया था। भादो में उमरेठ के वार्ड नम्बर एक जामुननाला, वार्ड नं.02 हेटी तथा उमरेठ की भुजलिया टीमों ने हिस्सा लिया।

वार्ड नं.02 हेटी की टीम विजयी रही जिन्हें ग्राम पंचायत उमरेठ सहित जनप्रतिनिधियों नगद पुरस्कार से सम्मानित किया। वहीं अन्य टीमों को भी नगद पुरस्कार का समान दिया गया। इस अवसर पर नगर के सैंकड़ों लोगों ने भुजलिया नदी पर उपस्थित होकर भुजलिया विसर्जन के साथ भादों का आनंद उठाया। ग्राम में भुजलिया पर्व पर परंपरा है कि भुजलिया विसर्जन उपरांत कुछ भुजलिया घर लाई जाती है तथा नगर के प्रत्येक घरों में जाकर बुजुर्गों के हाथ में भुजलिया देकर चरण छूकर आशीर्वाद लिया जाता है।

दंगल में पहलवानों ने दिखाए दांव-पेंच
परासिया. नगर में भुजलिया का पर्व धूमधाम के साथ मनाया गया। शाम को चक्की नाले में भुजलिया लेकर टोलिया पंहुची। जहां भुजलिया की नकली लड़ाई हुई। इसके पूर्व कार्यक्रम स्थल में दंगल का आयोजन किया गया। सालों से यहां स्थानीय समिति के द्वारा दंगल कराया जाता है। पूर्व विधायक ताराचंद बावरिया, नपा अध्यक्ष गीता यादव, उपाध्यक्ष राधे सूर्यवंशी, परासिया टीआई एसपी सिंह ने पहलवानों से परिचय प्राप्त कर दंगल शुरू करवाया। दंगल में आए पहलवानों ने ताकत के साथ दांव पेंच दिखाए।

आज भाजीपानी-इकलहरा की भुजलिया
इकलहरा. भाजीपानी में भुजलिया का प्रसिद्ध मेला शनिवार को भरेगा। करीब 100 वर्ष से भाजीपानी और इकलहरा के बीच पडऩे वाले नाले के तट पर यह उत्सव मनाया जाता है। यहां पर इकलहरा और भाजीपानी की महिलाएं दोनों किनारे पर आकर भुजलिया उत्सव मनाती है। इस दौरान महिलाओं में हंसी मजाक, गीत-गाली होती है। इन महिलाओं की हंसी ठिठोली को सुनने बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। भाजीपानी-इकलहरा की भुजलिया पूरे जिले मे प्रसिद्ध है। यहां क्षेत्र के अलावा पूरे जिले से लोग देखने पहुंचते हैं। मेले को लेकर प्रशासन ने पूरी व्यवस्था बना दी है।

यहां लगने वाले मेले को लेकर पुलिस प्रशासन के जवान तैनात रहेंगे। वहीं मेले की व्यवस्था को लेकर पंचायत ने व्यवस्था बना दी है। मेले के दौरान यहां दंगल का आयोजन भी होता है।

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