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छिंदवाड़ा/ मई तक एकमुश्त तीन माह का राशन दिए जाने के बाद राज्य शासन द्वारा जून माह के गेहूं-चावल का आवंटन नहीं किया गया है। जानकारी न होने पर गरीब परिवारों को राशन दुकानों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारी भी अनाज के लिए राशन दुकानदारों को सही जवाब नहीं दे रहे हैं।
जिले की 715 राशन दुकानों में 3.50 लाख परिवार जुड़े हैं। जिन्हें हर माह रियायती दर पर गेहूं-चावल का इंतजार रहता है। राशन दुकानदारों की मानें तो नागरिक आपूर्ति निगम के गोदामों में चावल, नमक और शक्कर उपलब्ध है, लेकिन गेहूं का टोटा बना हुआ है। इसके चलते वे राशन का आवंटन नहीं कर पा रहे हैं। ज्यादा दबाव बनाने पर 20 जून तक का आश्वासन दे रहे हैं।
खाद्य आपूर्ति विभाग के अनुसार पुराने गेहूं का कोटा खत्म होने से समस्या आ रही है। नए गेहूं के वितरण की अनुमति नहीं मिल पा रही है। इसका खमियाजा आम गरीब को भुगतना पड़ रहा है। लोग कह रहे हैं कि विभागीय अधिकारी कलेक्टर के ध्यान में यह बात नहीं ला रहे हैं। राज्य शासन स्तर पर बातचीत कर इसका रास्ता निकाला जा सकता है।
इस समस्या पर जिला आपूर्ति अधिकारी जीपी लोधी का कहना है कि जिले में 80 हजार क्विंटल गेहूं-चावल की जरूरत है। इस समस्या से शासन को अवगत कराया गया है।
Published on:
15 Jun 2020 05:23 pm
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