
महिला परिचालिका कविता श्योराण (फोटो: पत्रिका)
Inspirational Story: राजस्थान रोडवेज के चूरू आगार की महिला परिचालिका कविता श्योराण इन दिनों सोशल मीडिया पर छाई हुई हैं। उन्होंने इंस्टाग्राम पर रील बनाकर चूरू आगार से संचालित बसों के समय, किराये और अन्य जरूरी जानकारियां यात्रियों तक पहुंचानी शुरू की हैं। उनकी रीलों के जरिए यात्रियों को बसों का समय, किराया और रूट की जानकारी आसानी से मिल रही है, जिससे उन्हें सफर की योजना बनाने में सुविधा हो रही है।
कविता ने कुछ दिन पहले ही चूरू आगार से संबंधित रील अपलोड करना शुरू किया है। अब तक उन्होंने पांच रील पोस्ट की हैं जिन्हें करीब 1 लाख 37 हजार व्यूज मिल चुके हैं। लोग इन रीलों को लाइक और शेयर भी कर रहे हैं। राजस्थान रोडवेज सेवा में कविता को 13 सालों का अनुभव है। चूरू आगार से पहले वे 8 वर्ष तक झुंझुनूं आगार में भी सेवाएं दे चुकी हैं। चूरू निवासी कविता की एक बेटी है, जो कक्षा पांचवीं में अध्ययनरत है।
चूरू आगार की बसें वर्तमान में जयपुर, रतनगढ़, झुंझुनूं और राजगढ़ रूट पर अधिक संचालित हो रही हैं। कविता का कहना है कि उन्हें सोशल मीडिया के लिए कंटेंट बनाना पसंद है और आगार में काम करने के प्रति लगाव के कारण उन्होंने रील बनाना शुरू किया। वे स्वयं ही रील तैयार करती हैं।
उन्होंने बताया कि परिचालक के कार्य के बीच समय कम मिलता है, फिर भी अब वे प्रतिदिन एक रील डालने का प्रयास करेंगी। इनमें बसों के समय और किराए के साथ पहली व आखिरी बस, एक्सप्रेस एवं साधारण बसों की जानकारी, ऑनलाइन बुकिंग और पूछताछ नंबर जैसी उपयोगी जानकारियां भी शामिल होंगी।
कविता के अनुसार यात्रियों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। एक यात्री ने उन्हें बताया कि उसे अचानक जयपुर जाना था। उसने इंस्टाग्राम पर उनकी रील देखी, जिसमें जयपुर जाने वाली बस का समय बताया गया था। इससे वह समय पर बस स्टैंड पहुंच सका। यात्रियों ने इस पहल को उपयोगी और समय बचाने वाला भी बताया। चूरू आगार के मुख्य प्रबंधक सुदीप शर्मा ने कहा कि कविता श्योराण एक होनहार परिचालिका हैं। आगार को उन पर गर्व है और वे अन्य परिचालकों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
Updated on:
25 Jul 2026 01:32 pm
Published on:
25 Jul 2026 01:32 pm
