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मार्क बाउचर बोले- मार्श और पूरन के आउट होने के बाद एडन मार्करम ने किया शानदार प्रदर्शन

पूर्व क्रिकेटर मार्क बाउचर ने एलएसजी के लिए मैच जिताऊ पारी खेलने के लिए एडन मार्करम की जमकर तारीफ की है। उन्‍होंने कहा कि जब मिचेल मार्श और निकोलस पूरन आउट हो गए, तब मार्करम को सबसे बेहतर खेल दिखाने का मौका मिला।

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भारत

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lokesh verma

Apr 20, 2025

मुंबई इंडियंस के पूर्व कोच मार्क बाउचर का मानना है कि मिचेल मार्श और निकोलस पूरन के जल्दी आउट हो जाने से एडन मार्करम को अपना बेहतर खेल दिखाने का मौका मिला। इंडियन प्रीमियर लीग 2025 के 36वें मैच में लखनऊ सुपर जायंट्स के लिए मार्करम ने ओपनिंग में आते हुए 45 गेंदों पर 66 रनों की पारी खेली और करीबी मैच में अपनी टीम की जीत में अहम भूमिका अदा की।

मार्करम ने सबसे अच्छा प्रदर्शन किया- बाउचर

बाउचर ने ईएसपीएनक्रिकइन्फो से बातचीत में कहा कि मानसिक रूप से देखा जाए तो जब मार्करम आईपीएल में आए तो उनके पास कोई बड़ा कॉन्ट्रैक्ट नहीं था। मार्श और पूरन जैसे खिलाड़ियों के साथ खेलते हुए शायद उन्हें लगा होगा कि उन्हें पीछे रहकर खेलना है। लेकिन जब मार्श निजी कारणों से टीम से बाहर हुए तभी मार्करम ने खुद को सीनियर खिलाड़ी की तरह देखा और जिम्मेदारी उठाई। इस मैच में जब मार्श और पूरन जल्दी आउट हो गए, तब मार्करम ने सबसे अच्छा प्रदर्शन किया।

चार मैचों में बनाए 200 से अधिक रन

एलएसजी ने उन्हें केवल 2 करोड़ रुपये में खरीदा और उन्होंने आईपीएल 2025 की शुरुआत धीमी की, लेकिन पिछले पांच में से चार मैचों में उन्होंने 53, 47, 58 और 66 रन बनाए हैं। वह मार्श के साथ सलामी बल्लेबाज की भूमिका निभा रहे हैं। बाउचर कहते हैं कि एडन एक स्वाभाविक लीडर हैं और यही कारण है कि वे दक्षिण अफ्रीका की कप्तानी कर रहे हैं। जब ऐसा मौका आता है तो वे खुद आगे आकर सोचते हैं कि अब मुझ पर भरोसा किया गया है, मुझे पूरी पारी खेलनी है और जब भी कोई समझदारी भरा जोखिम उठाना हो तो वह मेरा काम है।

'आधुनिक क्रिकेट के लिए जरूरी शॉट्स भी सीखे'

बाउचर ने आगे कहा कि जो खिलाड़ी हमेशा ओपनर रहा हो, उसे चौथे नंबर पर खेलने भेजना एक चुनौती थी। लेकिन वह युवा थे, सीखने की क्षमता थी और उन्होंने मिडिल ओवरों में स्पिन खेलने की कला सीखी। उन्होंने आधुनिक क्रिकेट के लिए जरूरी शॉट्स भी सीखे। अब जब उनका करियर चरम पर है, तो वह फिर से ओपनिंग कर रहे हैं। उनके पास तकनीक है, आक्रामकता है, टेस्ट मैच खेलने का अनुभव है और अगर पारी मिडिल ओवर्स तक जाती है, तो वहां भी खेलने की क्षमता है।