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‘2 साल का बैन काफी नहीं’ गावस्कर ने BCCI से कहा- IPL से हटने वाले विदेशी खिलाड़ियों पर भारी भरकम जुर्माना लगाओ

Sunil Gavaskar urges BCCI: सुनील गावस्कर ने बीसीसीआई से मांग की है कि आईपीएल ऑक्‍शन में खरीदे जाने के बाद टूर्नामेंट बीच में छोड़ने वाले विदेशी खिलाड़ियों के लिए दो साल का बैन काफी नहीं है। अब वक्‍त आ गया है कि उन्‍हें इससे भी कड़ी सजा दी जानी चाहिए।

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भारत

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lokesh verma

Mar 29, 2026

Sunil Gavaskar urges BCCI

इंग्‍लैंड के खिलाड़ी बेन डकेट। (फोटो सोर्स: IANS)

Sunil Gavaskar urges BCCI: आईपीएल 2026 के मिनी ऑक्‍शन में खरीदे जाने के बावजूद टूर्नामेंट शुरू होने से पहले हटने वाले विदेशी खिलाड़ियों पर दो साल का बैन काफी नहीं है। इसके लिए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड को उन पर भारी भरकम जुर्माना लगाना चाहिए। ये कहना है भारत के पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर का। उन्‍होंने ये बात इंग्लैंड के ओपनर बेन डकेट के आईपीएल 2026 सीजन से हटने के कुछ दिनों बाद कही है। डकेट दिल्ली कैपिटल्स के लिए खेलने वाला थे। लेकिन, इंटरनेशनल क्रिकेट करियर पर ध्‍यान देने के लिए घरेलू क्रिकेट का प्राथमिकता देते हुए उन्‍होंने सोशल मीडिया पर आईपीएल से हटने की घोषणा कर दी।

हैरी ब्रूक की तरह लगेगा दो साल का बैन

दरअसल, मिनी ऑक्‍शन में बेन डकेट को दिल्‍ली कैपिटल्स ने 2 करोड़ रुपये में खरीदा था। लेकिन, न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाले आगामी टेस्ट मैचों से पहले उन्‍होंने आईपीएल के बजाय काउंटी चैंपियनशिप खेलने को प्राथमिकता दी है। इस फैसले के बाद वह अब अगले दो साल के लिए आईपीएल से बैन होने वाले हैं। ठीक वैसे ही, जैसे पिछली बार उनके कप्तान हैरी ब्रूक बैन हुए थे।

'अब समय आ गया है कि बीसीसीआई कुछ कड़े कदम उठाए'

सुनील गावस्कर का मानना ​​है कि दो साल के बैन की सजा काफी नहीं है, अब समय आ गया है कि बीसीसीआई कुछ और भी सख्त और कड़े कदम उठाए। उन्‍होंने इंडिया टुडे से बातचीत में कहा कि बेन डकेट की एशेज सीरीज बहुत अच्छी नहीं रही थी और अगर उन्हें 'द हंड्रेड' की नीलामी में उतनी बड़ी रकम में नहीं खरीदा गया होता, तो शायद हालात कुछ और होते। ये बात समझ में आती है कि द हंड्रेड में बहुत अच्छी कीमत मिलने के बाद वह शायद आईपीएल छोड़ने और यह कहने में काफी खुश थे कि वह अपने इंग्लैंड टेस्ट करियर पर ध्यान देना चाहते हैं।

'बैन साफ तौर पर काम नहीं कर रहा'

गावस्कर ने कहा कि क्या किया जाना चाहिए, इस बारे में बीसीसीआई को सोचना चाहिए, क्योंकि दो साल का बैन साफ तौर पर काम नहीं कर रहा है। आपको कुछ ऐसा देखना होगा जिसका असर हो। जब तक इसका असर खिलाड़ी पर और आईपीएल में उसकी वापसी की संभावनाओं पर नहीं पड़ेगा, तब तक यह काम नहीं करेगा।

सजा क्या होनी चाहिए?

जब गावस्‍कर से सवाल किया गया कि सजा क्या होनी चाहिए, तो उन्‍होंने कहा कि मुझे नहीं पता। मैं गवर्निंग काउंसिल में नहीं हूं। मैंने इस बारे में सोचा नहीं है। जैसे, उदाहरण के लिए, जब भी हम पेनल्टी लगाने की बात करते हैं, जब हम उन टीमों पर पेनल्टी लगाने की बात करते हैं, जो धीमी गेंदबाजी करती हैं, तो 30 मीटर के घेरे के बाहर के बजाय अंदर एक और फील्डर रखने से खेल पर असर पड़ सकता है।

'यह बहुत ही असरदार पेनल्टी'

उन्‍होंने कहा कि यह एक बहुत ही असरदार पेनल्टी है। गेंदबाज और फील्डर बहुत तेजी से काम करना चाहेंगे, क्योंकि वे चाहते हैं कि आखिरी कुछ ओवरों में पांचों फील्डर 30 मीटर के घेरे के बाहर हों। इसलिए, मुझे लगता है कि आपको किसी ऐसी पेनल्टी की जरूरत है, जिसका असर हो। इसका असर सीधे तौर पर खिलाड़ी पर पड़ना चाहिए। मुझे नहीं पता कि यह कैसे होगा, लेकिन यह साफ तौर पर कुछ ऐसा है जिस पर बीसीसीआई को बैठकर सोचना होगा।