21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

हेड मास्टर शिक्षक के साथ छात्राओं का करता था यौन उत्पीड़न, मिली सिर्फ इतनी सी सजा

कर्नाटक में एक बार फिर गुरु और शिष्य का रिश्ता तार तार हो गया है। शिवमोग्गा जिले के एक स्कूल में छात्राओं के यौन उत्पीड़न के आरोप में दो शिक्षकों को निलंबित किया गया है।

less than 1 minute read
Google source verification
crime_news98.jpg

एक पारंपरिक भारतीय व्यवस्था में गुरु-शिष्य का रिश्ता एक बहुत ही पवित्र रिश्ता माना जाता था। ‘गु का अर्थ अंधकार’ और ‘रू का अर्थ प्रकाश’ है। यानी गुरु शब्द का अर्थ एक अंधेरे में फंसे हुए व्यक्ति को ज्योतिमान करना होता है। लेकिन बीते कुछ सालों से यह पवित्र रिश्ता शर्मसार होता जा रहा है। हाल ही में एक ऐसा ही मामला कर्नाटक से सामने आया है। कर्नाटक शिक्षा विभाग ने शिवमोग्गा जिले के एक स्कूल में छात्राओं के यौन उत्पीड़न के आरोप में दो शिक्षकों को निलंबित कर दिया। फिलहाल विभाग आगे की कार्रवाई कर रहा है। आइए जानते है इस मामले के बारे में।


पहचान हेड मास्टर और सहायक शिक्षक करता था यौन उत्पीड़न

निलंबित शिक्षकों की पहचान हेड मास्टर नागराज कोरी और सहायक शिक्षक शांताकुमार के रूप में की गई है। यह घटना सोप्पिनाकेरी गांव के सरकारी स्कूल में हुई। सहायक अध्यापक शांताकुमार के खिलाफ नागराज कोरी से शिकायत की गई। लेकिन, उन्होंने इस संबंध में कोई कार्रवाई शुरू नहीं की।

आरोपी दोनों टीचर सस्पेंड

इस पूरे मामले में खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) ने रिपोर्ट सौंपी थी। सार्वजनिक निर्देश उप निदेशक (डीडीपीआई) परमेश्वरप्पा ने संबंधित शिक्षकों के निलंबन का आदेश जारी किया था। इस कार्रवाई के बाद अब सवाल उठा रहा है कि टीचर द्वारा इतनी घिनौनी हरकत करने के बाद सिर्फ इतनी सी सजा मिली है।

यह भी पढ़ें- 'अभिनंदन' रास्ता नहीं भटकेगा! अब हवाई जहाज गूगल लोकेशन के सहारे उड़ेगा


यह भी पढ़ें- प्याज की बढ़ती कीमतों से जल्द मिलेगी राहत, सरकार ने उठाया ये बड़ा कदम