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Dantewada News: ऐसा गांव जहां… पहले बताओ विकास का मॉडल, फिर बनो सरपंच

Dantewada News: धुर नक्सल प्रभावित कुआकोंडा ब्लॉक का तनेली गांव मिसाल बन गया। इस गांव में कभी सिर्फ नक्सलवाद के काले बादल मंडराते थे। अब यहां का माहौल बदल गया है और युवा लगातार संगठित हो रहे हैं।

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Dantewada News: ऐसा गांव जहां... पहले बताओ विकास का मॉडल, फिर बनो सरपंच

Dantewada News: पुष्पेंद्र सिंह/धुर नक्सल प्रभावित कुओकोंडा ब्लॉेक का तेनेली पंचायत 2019 में अस्तित्व में आया थ। इस पंचायत का चुनाव उस दौरान भी निर्विरोध हुआ था। इस बार निर्विरोध की प्रक्रिया थोड़ी जुदा है। इस बार गांव के 15 पढ़े-लिखे युवाओं ने गांव के विकास का मॉडल बताने वालों को पंचायत का जिम्मा दे दिया।

दरअसल युवाओं ने पंचायत प्रतिनिधि बनने की इच्छा रखने वालों का इंटरव्यू लिया। इसमें बेहतर जवाब देने वालों को सरपंच और उप सरपंच बना दिया गया। युवाओं ने घर-घर जाकर कहा कि सरपंच उसको बनाओ जो वाकई में समर्पित होकर पंचायत का विकास करे। बुजुर्गो, महिलाओं और युवाओं को समझाया। लगातार ग्रामीणों की बैठक हुई।

Dantewada News: 15 सदस्यीय दल ने पूछे सवाल,जो बेहतर दे पाया जवाब, वो चुना गया

चुनाव के नामांकन के अंतिम दिन ग्राम सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान पंचायत चुनाव लडऩे की इच्छा रखने वाले प्रत्याशियों को सभा में बुलाया गया। सभा में तीन प्रत्याशी सामने आए। युवाओं के 15 सदस्यीय दल ने सवालों की बौछार कर दी। जो सवालों के बेहतर ढंग से जबाब दे पाया और प्रचायत विकास के प्रारूप को समझा पाया उसको सरपंच घोषित कर दिया गया।

इसके बाद जो दूसरे नंबर पर रहा उसे उप सरपंच घोषित किया गया। कॉलेज में पढऩे वाले युवा शंकर मुचाकी बताता है तनेली और पेडका गांव से लगभग 15 युवाओं की एक टीम है। यह टीम सिर्फ गांव का विकास चाहती है, जो भी पंचायत का जनप्रतिनिधि हो, वह पढ़ा लिखा हो।

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प्रत्याशियों से यह सवाल पूछे गए

तनेली पंचायत से तीन यवकों ने चुनाव लड़ने की इच्छा जताई। सभा में इन तीनों को बुलाया गया। तीनों से बारी-बारी से सवाल किए गए। पहला सवाल किया गया कि स्वास्थ्य सेवाएं कैसे बेहतर करोगे? इसके लिए किन अधिकारियों ने जाकर बात करोगे। दूसरा सवाल था कि बच्चों की बेहतर शिक्षा कैसे तय हो? गांव में शिक्षा सुधार के लिए क्या करना चाहिए?

जाति आय प्रमाण पत्र बनाने के लिए ग्रामीणों को समस्या आती है, इस समस्या को कैसे सुलझाओगे? इस तरह के सवालों का जबाब तीन प्रत्याशियों में से सिर्फ देवा तेलाम ही बेहतर ढंग से दे सका। उसे ग्राम सभा में बैठे बुजुर्गो, महिलाओं और युवाओं ने सरपंच घोषित कर दिया। इस पंचायत की आबादी 600 से अधिक है। यहां मतदाताओं की संख्या 382 है।

हम तो सिर्फ गांव का विकास चाहते हैं: शंकर मुचाकी

Dantewada News: तनेली-पेडका गांव पर कभी सिर्फ नक्सलवाद के काले बादल मंडराते थे। अब यहां का माहौल बदला है और युवा लगातार संगठित हो रहे हैं। पढ़े-लिखे 15 सदस्यीय युवाओं के दल को लीड कर रहे शंकर मुचाकी बताते हैं कि तनेली पहले क्या था, इस बात से कोई लेना-देना नहीं है। हमें सिर्फ अपनी पंचायत को अच्छा करना है। इसके लिए हर संभव प्रयास जारी है।

हां ये सच है अरनपुर बम ब्लास्ट मामले में पेडका गांव से 16 और तनेली गांव से एक व्यक्ति जेल में है। वहीं अरनपुर गांव का एक और अतेली गांव से चार लोग जेल काट रहे हैं। उनकी भूमिका अब कोर्ट तय करेगा लेकिन हम तो सिर्फ गांव का विकास चाहते हैं।

तहसीलदार कुआकोंडा, राहुल गुप्ता: त्रिस्तरीय चुनाव में तनेली पंचायत से सरपंच पद के लिए एक ही नामांकन पत्र दाखिल किया गया है। साथ ही 10 वार्डों में पंच भी निर्विरोध ही है।