15 अगस्त 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पत्नी को कश्मीर की वादियां घुमाना चाहते थे शहीद जवान सत्यनारायण यादव, एक सप्ताह बाद जाने वाली थी पत्नी

जम्मू कश्मीर में शहीद हुए थे देवरिया के सत्यनारायण यादव, शहादत की खबर सुनते ही रिश्ते की चाची की भी हुई मौत।
less than 1 minute read
Google source verification
Martryde Satyanarayan Yadav

शहीद सत्यनारायण यादव

सूर्य प्रकाश राय

देवरिया. दो दिन पूर्व देश की सीमा का रक्षा करते शहीद हुए देवरिया के लाल सत्य नारायण यादव का पार्थिव शरीर तो अब अग्नि के हवाले हो गया लेकिन उनके दिल मे कई हसरतें ऐसी थी जो अधूरी ही रह गयीं । जनवरी में छुट्टी पर घर आए सत्यनारायण यादव से पत्नी सुशीला ने जम्मू घूमने की इच्छा जताई थी। सुशीला ने कहा था कि सेवानिवृत्ति से पहले वह उसे एक बार जम्मू जरूर घुमा दें। पत्नी की इच्छा पूरी करने के लिए उन्होंने एक सप्ताह बाद ही जम्मू बुलाया था।


बताते चलें कि शहीद सत्य नारायण यादव कुछ ही दिन पूर्व प्रमोशन पाकर वह एएसआई बने थे और तीन महीने बाद वह सेवानिवृत्त भी होने वाले थे। वृद्ध पिता की सेवा के लिए उन्होंने वालंटरी रिटायरमेंट की पेशकश कर रखी थी। वर्तमान में उनकी तैनाती जम्मू के अखनूर सेक्टर में थी। परिजनों की माने तो सत्य नारायण यादव ने पत्नी सुशीला को एक हफ्ते बाद ही काश्मीर घुमाने के लिए बुलाया था। सुशीला जाने की तैयारी में लगी ही थीं कि दुखद सूचना ने पूरे परिवार को हिलाकर रख दिया। नियति को शायद यह मंजूर नहीं था और रविवार की सुबह मोबाइल की घंटी बजी और पूरे परिवार में मातम छा गया।


सुबह शहीद के परिजनों ने प्रशासन के सामने माँग रख दी थी कि जब तक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नही आएंगे तब तक शहीद का अंतिम संस्कार नही होगा लेकिन शव आने के बाद प्रशासनिक अमले और सरकार की ओर से आए मंत्री सूर्य प्रताप शाही, साँसद कलराज मिश्र ने परिजनों को समझा बुझाकर अंतिम संस्कार के लिए राजी कराया। शहीद की विधवा सुशीला देवी ने दोनों बेटों जितेंद्र व राजेश को सेना में नौकरी दिलाए जाने की माँग करते हुए कहा कि बेटे ही पाकिस्तानियों से बाप का बदला लेंगे।

बड़ी खबरें

View All

देवरिया

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग