
Bhojshala Dhar- 17 जुलाई शुक्रवार को धार की भोजशाला में चारों तरफ सुरक्षा का घेरा है।
Dhar News- धार की भोजशाला में शुक्रवार को पूजा और जुमे की नमाज को लेकर एक बार फिर प्रशासन की परीक्षा शुरू हो गई है। सुप्रीम कोर्ट के आर्डर की कॉपी मिलने के बाद प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी थी। शुक्रवार दोपहर में नमाज के अलावा विश्व हिन्दू परिषद और बजरंग दल की ओर से रैली का भी आयोजन किया गया है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने भारी पुलिस बंदोबस्त किया है। इधर, भोजशाला मामले में अब सुप्रीम कोर्ट ने 5 अगस्त की सुनवाई तय की है।
भोजशाला के भीतर जिसे कोर्ट ने मंदिर माना है, उसमें शुक्रवार की सुबह हिन्दू समाज ने पूजा-अर्चना की। सुप्रीम कोर्ट ने मुस्लिम समुदाय को भी परिसर से लगी अलग जगह पर नमाज की अनुमति दी है। इसके बाद स्थानीय प्रशासन की एक बार फिर परीक्षा शुरू हो गई है। अब प्रशासन भोजशाला मंदिर परिसर से लगी खाली जगह पर सामूहिक नमाज की व्यवस्था कर रही है। दोपहर 1 बजे से 3 बजे के बीच शुक्रवार को नमाज हो रही है। हालांकि स्थान को लेकर अब भी संशय बना हुआ है, क्योंकि जिस स्थान पर नमाज कराई जा सकती है, वो स्थान ऊपर से खुला है और बारिश के चलते मुश्किल हो सकती है। नमाज को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश की प्रमाणित प्रति प्रशासन को प्राप्त हो गई है। हालांकि अभी बहुत साल परिसर में नमाज किस जगह पर होगी इसको लेकर कोई हलचल नहीं है।
सूत्रों के मुताबिक जिला प्रशासन पहले मुस्लिम समाज से एक बैठक कर रहा है, जिसके बाद नमाज को लेकर स्थान तय किया जाएगा। वहीं बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद द्वारा भी एक बड़ी रैली का आयोजन कर रहा है। यह रैली दोपहर 12:00 बजे किला मैदान से शुरू होकर भोजशाला पहुंचेगी। रैली में धार सहित आसपास के पांच जिलों के कार्यकर्ताओं के शामिल होने का आह्वान किया गया है। इसे देखते हुए प्रशासन ने सख्ती भी शुरू कर दी है।
इधर, शुक्रवार की नमाज़ के बारे में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर धार के ज़िला कलेक्टर राजीव रंजन मीणा ने कहा, "सुप्रीम कोर्ट ने आज अपनी वेबसाइट पर आदेश अपलोड कर दिया है… कोर्ट के निर्देशों का विश्लेषण करने के बाद, हम उन्हें लागू करने के लिए ज़रूरी कदम उठाएंगे… प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने और धार में शांतिपूर्ण स्थिति सुनिश्चित करने के लिए सभी ज़रूरी तैयारियां करेगा।"
भोजशाला में धार्मिक अधिकारों के दावे को लेकर इंदौर हाईकोर्ट में मुकदमा दायर किया था। इसमें वैज्ञानिक सर्वेक्षण के आधार पर भोजशाला को मंदिर मान्य किया और शुक्रवार की जुमे की नमाज रोक दी गई थीं। इसी को लेकर मुस्लिम पक्ष सुप्रीम कोर्ट पहुंचा था। कोर्ट ने 14 जुलाई को मामले में सुनवाई करते हुए अंतरिम राहत के तौर पर शुक्रवार को मुस्लिम पक्ष को संरक्षित क्षेत्र में नमाज के लिए खुला स्थान उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे। यह निर्देश आदेश के रूप में अपलोड होना था। बीते 48 घंटे से दोनों पक्ष आदेश अपलोड होने का इंतजार कर रहे है।
भोजशाला उत्सव समिति ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का स्वागत किया है, हालांकि उनके पास भी कोर्ट के आदेश की कॉपी नहीं पहुंची है। उधर, मुस्लिम पक्ष का कहना है कि कोर्ट ने जुमे की नमाज का अंतरिम आदेश सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में अब 5 अगस्त सुनवाई की तारीख तय की है।
Updated on:
17 Jul 2026 12:40 pm
Published on:
17 Jul 2026 12:32 pm
