
धरने पर बैठे ग्रामीणों को समझाती पुलिस। फोटो: पत्रिका
धौलपुर। राजस्थान के धौलपुर जिले में कॉलेज स्टूडेंट की हत्या का मामला सामने आया है। बाड़ी क्षेत्र के कुहावनी गांव में 15 साल के किशोर की पत्थरों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। देर शाम खेतों में उसका शव संदिग्ध हालत में मिला। किशोर का सिर पत्थरों से कुचला गया है और दोनों हाथ बंधे हुए मिले। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने भी हत्या का मामला माना है। वहीं, इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने देर रात बाड़ी-बसेड़ी स्टेट हाईवे पर जाम लगा दिया।
बाड़ी-बसेड़ी स्टेट हाईवे पर ग्रामीण रातभर से शव को लेकर बैठे हुए है। जाम की सूचना मिलते ही धौलपुर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रवण कुमार, डीएसपी महेंद्र मीणा मौके पर पहुंचे। वहीं, बाड़ी थाना, सदर थाना और सोने का गुर्जा थाना पुलिस भी मौके पर मौजूद रही। पुलिस के आला अधिकारियों ने ग्रामीणों से समझाइश का प्रयास किया। लेकिन, ग्रामीण एसपी और कलक्टर मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। हालांकि, सोमवार सुबह सहमति बनने के बाद ग्रामीणों का धरना खत्म हुआ।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रवण कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी ली है। परिजनों से समझाइश का प्रयास किया। हालांकि, वे नहीं माने। इस बारे में उच्च अधिकारियों को भी अवगत करा दिया है। इसके बाद सोमवार सुबह फिर से ग्रामीणों से समझाइश की गई। आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद ग्रामीण शव उठाने पर मान गए। इसके बाद ग्रामीणों का धरना खत्म हुआ और पुलिस ने जाम खुलवाया।
किशोर का शव रविवार शाम खेतों में मिला है। जिसके हाथ बंधे हुए और सिर पत्थरों से कुचला हुआ था। सूचना पर सदर एसएचओ मोहर सिंह मीणा मय जाप्ता सहित घटनास्थल पर पहुंचे और जांच पड़ताल कर साक्ष्य इकट्ठे किए। मृतक का नाम मनोज (15) पुत्र मुन्नाला मीना है।
मृतक कंचनपुर थाना अंतर्गत गांव गुहामनी का है। जहां किशोर घर से भैंस चराने गया था। देर तक जब वह घर नहीं पहुंचा तो घर वालों ने उसको ढूंढने खेतों पर गए और देर शाम खेतों में उसका शव संदिग्ध हालत में मिला। किशोर का सिर पत्थरों से कुचला गया है और दोनों हाथ बंधे हुए मिले हैं। मृतक मनोज पीजी कॉलेज का छात्र है। किशोर की मौत के बाद गांव में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता देख जांच प्रारंभ कर दी है।
मृतक के चाचा के लड़के अजय मीणा ने बताया कि मनोज के पिता मुन्नालाल मीणा के हाथ में फ्रैक्चर आने के कारण मां और छोटा भाई उनके साथ इलाज के लिए धौलपुर गए थे। तभी दोपहर में मनोज भैंस चराने के लिए गया था। शाम 7 बजे तक वह घर नहीं लौटा तो परिजन और ग्रामीणों ने जंगल में तलाश शुरू की। जहां पर करीब 9 बजे मनोज का शव मिला।
Updated on:
20 Jul 2026 10:01 am
Published on:
20 Jul 2026 10:01 am
