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बीहड़ों से जेसीबी लगाकर निकाली जा रही बेहिसाब मिट्टी, वन विभाग बेखबर

धौलपुर. बजरी माफिया की तर्ज पर जिले में कथित तौर अवैध तरीके से मिट्टी उठाने का खेल चल रहा है। किसी को खबर नहीं लगे इसलिए शाम से देर रात तक मिट्टी परिवहन होता है। बीते कुछ दिनों से शहर में भी मिट्टी उठाव का खेल जोरों से चल रहा है। अब ताजा मामला कोतवाली थाना क्षेत्र में बारह खंभा और वनखंडी हनुमान मंदिर के आसपास बीहड़ इलाके से इन दिनों बड़े स्तर पर मिट्टी उठाई जा रही है। यह मिट़्टी शहर में कॉलोनाइजर्स की ओर से काटी जा रही कॉलोनियों और अन्य दूसरों स्थानों पर डाली जा रही है। मिट्टी का यह मोटा खेल हो रहा है लेकिन खास बात ये है कि कथित तौर पर मिट्टी उठाव की वन विभाग समेत अन्य प्रशासन को खबर तक नहीं है। बता दें कि बीते साल भी जेल फाटक के पास आशियाना कॉलोनी के पीछे बीहड़ से भी इसी तरह निकाली जा रही थी। सूचना पर तत्कालीन एसडीएम डॉ.साधना शर्मा मौके पर पहुंची तो यहां कुछ लोगों से तकरार तक हो गई। मौके पर कुछ वनकर्मी भी थे, जिसको लेकर जिला कलक्टर से शिकायत हुई थी। अब फिर मिट्टी का यह खेल शुरू हो गया है।

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बीहड़ों से जेसीबी लगाकर निकाली जा रही बेहिसाब मिट्टी, वन विभाग बेखबर JCBs are being used to extract huge amounts of soil from the ravines, leaving the Forest Department unaware

- कोतवाली थाना क्षेत्र के बारह खंभा और वनखंडी हनुमान मंदिर के पास से उठ रही मिट्टी

- भराव करने का ठेका लेकर दिन-रात निकाल रहे मिट्टी

धौलपुर. बजरी माफिया की तर्ज पर जिले में कथित तौर अवैध तरीके से मिट्टी उठाने का खेल चल रहा है। किसी को खबर नहीं लगे इसलिए शाम से देर रात तक मिट्टी परिवहन होता है। बीते कुछ दिनों से शहर में भी मिट्टी उठाव का खेल जोरों से चल रहा है। अब ताजा मामला कोतवाली थाना क्षेत्र में बारह खंभा और वनखंडी हनुमान मंदिर के आसपास बीहड़ इलाके से इन दिनों बड़े स्तर पर मिट्टी उठाई जा रही है। यह मिट़्टी शहर में कॉलोनाइजर्स की ओर से काटी जा रही कॉलोनियों और अन्य दूसरों स्थानों पर डाली जा रही है। मिट्टी का यह मोटा खेल हो रहा है लेकिन खास बात ये है कि कथित तौर पर मिट्टी उठाव की वन विभाग समेत अन्य प्रशासन को खबर तक नहीं है। बता दें कि बीते साल भी जेल फाटक के पास आशियाना कॉलोनी के पीछे बीहड़ से भी इसी तरह निकाली जा रही थी। सूचना पर तत्कालीन एसडीएम डॉ.साधना शर्मा मौके पर पहुंची तो यहां कुछ लोगों से तकरार तक हो गई। मौके पर कुछ वनकर्मी भी थे, जिसको लेकर जिला कलक्टर से शिकायत हुई थी। अब फिर मिट्टी का यह खेल शुरू हो गया है।

शाम होते ही दौडऩे लगते हैं ट्रेक्टर-ट्रॉलियां...

कोतवाली थाना क्षेत्र में वर्तमान में मिट्टी उठाने का कथित खेल सोलह खंभा और वनखंडी हनुमान मंदिर के आसपास इलाके से चल रहा है। सूत्रों के अनुसार यहां से देर शाम और सुबह के समय मिट्टी निकाली जा रही है। मिट्टी निकालने के लिए बकायदा जेसीबी मशीन लगा रखी है जिससे बिना समय गंवाए अधिक से अधिक मिट्टी को निकाला जा सके। यहां से ट्रेक्टर-ट्रॉलियों के जरिए मिट्टी नई रेलवे लाइन के पास एक जगह डाली जा रही है। कुछ दिनों से यहां पर लगातार मिट्टी डल रही है। इसके अलावा मिट्टी नई रेलवे लाइन के सहारे से राजाखेड़ा बाइपास की तरफ भी निकल रही है। यहां वैसे तो दिनभर धूल के गुबार उड़ते नजर आ जाएंगे।

जनप्रतिनिधि ने की एसपी से शिकायत

उधर, कोतवाली क्षेत्र में एक अन्य से कथित तौर उठाई जा रही मिट्टी को लेकर गत दिनों जिला पुलिस अधीक्षक से एक जनप्रतिनिधि ने भी शिकायत की थी। सूत्रों के अनुसार जनप्रतिनिधि ने हाइवे स्थित मोरोली इलाके में वन विभाग की जमीन से बड़े स्तर पर मिट्टी निकाल कर बेचने की शिकायत की। इलाके से पूर्व में भी मिट्टी निकालने को लेकर शिकायत हो चुकी है। बता दें कि शहर में मिट्टी माफिया ने कई स्थान चिह्नित कर रखे हैं, जहां से वह लगातार मिट्टी निकालते हैं, अधिक शिकायत होने पर कुछ दिन ट्रेक्टर-ट्रॉली थम जाते हैं लेकिन फिर से यह सिलसिला शुरू हो जाता है।

प्रति ट्रॉली का भाव 800 से 1 हजार तक

सरकारी भूमि से निकाली जा रही मिट्टी बिक्री से कुछ लोग मोटा दाम कूट रहे हैं। बताया जा रहा है कि शहर में एक मिट्टी ट्रॉली 800 से 1 हजार रुपए तक है। वहीं, पुलिस की सख्ती का खौफ बताकर यह लोग अपने हिसाब से दाम वसूलते हैं। ऐसा ही कुछ हाल बजरी को लेकर भी है। माफिया रास्तों पर चेकिंग अधिक होने पर पुराने स्टॉक में से बजरी उठाव करता है और दाम बढ़ा देता है।

- बीहड़ इलाके में से कोई मिट्टी उठा रहा है तो जांच करवा कर उचित कार्रवाई होगी। विभाग ने एक-दो स्थानों पर हाल में कार्रवाई कर अवैध तरीके से मिट्टी उठाव को रोका है।

- वी.चेतन कुमार, डीएफओ धौलपुर