
लिम्फोमा एक तरह का कैंसर है। यह इम्यून सिस्टम की संक्रमण से लडऩे वाली सेल्स में होता है। ये कोशिकाएं लिम्फ नोड्स, प्लीहा, थाइमस, बोन मैरो व अन्य हिस्सों में होती हैं। विश्व लिम्फोमा दिवस (15 सितंबर) पर इसे जानिए।
इन लक्षणों से पहचानें
लगातार बुखार रहना, थकान, गर्दन, हाथों के बगल या कमर में सूजन, पीठ या हड्डियों में दर्द, एनर्जी की कमी, अच्छी डाइट होते हुए भी वजन घटना, ठंड लगना, भूख में कमी, स्टूल या उल्टी में खून आना, यूरिन पास होने में रुकावट, सिरदर्द, हाथ या पैर में सूजन आदि इसके लक्षण है। साथ ही सांस चढऩा, सांस में रुकावट जैसे लक्षणों से भी इसे पहचान सकते हैं।
ये हैं कारण
लिम्फोमा के कारण स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन वृद्धावस्था, फैमिली हिस्ट्री, पेस्टिसाइड्स के इस्तेमाल जैसी स्थितियों में इसकी आशंका अधिक होती है। हालांकि यह कम उम्र में भी हो सकता है।
बदलें दिनचर्या
बेहतर और शुद्ध आहार लें, ताकि इम्युनिटी भी अच्छी हो।
समय पर सोने व जागने के साथ ही व्यायाम भी अपनाएं। इससे जीवनशैली बेहतर होगी।
चिकित्सकीय परामर्श के बाद अपने आहार में बदलाव भी कर सकते हैं।
शरीर के लिए जरूरी सभी पोषक तत्त्वों को अपनी थाली में शामिल करें।
किसी भी तरह के लक्षण को इग्नोर न करें, बल्कि तुरंत परामर्श करें।
कैंसर की गंभीरता को समझते हुए कुछ भी न खाएं, बल्कि ताजा व मौसमी आहार ही लें।
Updated on:
29 Aug 2023 07:19 pm
Published on:
29 Aug 2023 07:19 pm
