
Dungarpur Anicut Drowning Accident 4 Children Died
राजस्थान के आदिवासी बहुल सरहदी जिले डूंगरपुर के चौरासी विधानसभा क्षेत्र से एक बेहद हृदयविदारक और झकझोर देने वाली बड़ी खबर सामने आ रही है। जिले के धंबोला थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले लिखी बड़ी गांव में स्थित एक स्थानीय एनीकट में नहाने गए 6 बच्चों में से 4 बच्चों की पानी में डूबने के कारण दर्दनाक मौत हो गई है। मरने वाले 4 मासूम बच्चों में से 3 बच्चे एक ही परिवार के सगे भाई-बहन बताए जा रहे हैं, जिससे पीड़ित परिवार और पूरे गांव पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण तुरंत मौके पर दौड़े और उन्होंने अपनी जान की बाजी लगाकर 2 बच्चों को समय रहते पानी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जिससे उनकी जान बच गई।
वागड़ अंचल के इस शांत गांव में एक साथ 4 मासूमों की मौत की खबर फैलते ही पूरे इलाके में कोहराम मच गया और देखते ही देखते एनीकट के किनारे सैकड़ों ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। इस भीषण हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन व पुलिस की टीमें राहत कार्य के लिए मौके पर पहुंच चुकी हैं।
स्थानीय सूत्रों से मिली प्राथमिक जानकारी के अनुसार, लिखी बड़ी गांव के रहने वाले यह सभी बच्चे दोपहर के समय गांव के पास बने एनीकट के पास खेलने गए थे। क्षेत्र में चल रही तेज उमस और गर्मी से राहत पाने के लिए बच्चों ने एनीकट के जमा पानी में नहाने का फैसला किया।
नहाते-नहाते बच्चे पानी की गहराई का अंदाजा नहीं लगा पाए और 1-1 कर गहरे पानी की चपेट में आने लगे। बच्चों को डूबता देख किनारे खड़े अन्य बच्चों ने चीख-पुकार मचानी शुरू की।
बच्चों के रोने और चिल्लाने की आवाज सुनकर पास के खेतों में कृषि कार्य कर रहे ग्रामीण बिना एक पल गंवाए एनीकट की तरफ भागे। ग्रामीणों ने तुरंत पानी में छलांग लगाई और गहरे दलदल में फंस रहे 2 बच्चों को समय रहते सूझबूझ से बाहर खींच लिया।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि 5 मिनट की भी देरी और हो जाती, तो अन्य 2 बच्चों को भी बचाना नामुमकिन हो जाता। बचाए गए दोनों बच्चों को तुरंत प्राथमिक उपचार दिया गया, जिससे उनकी स्थिति अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।
हादसे की भयावहता को देखते हुए ग्रामीणों ने तुरंत धंबोला थाना पुलिस को फोन पर सूचना दी। सूचना मिलते ही थानाधिकारी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों और ग्रामीणों के सहयोग से करीब 1 घंटे की मशक्कत के बाद एनीकट के गहरे पानी से चारों बच्चों के शवों को बाहर निकाला। जब एक के बाद एक 4 मासूमों के शव जमीन पर रखे गए, तो वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं।
धंबोला थाना पुलिस ने चारों मृत बच्चों के शवों को अपने कब्जे में लेकर तुरंत सीमलवाड़ा कस्बे के सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में भिजवा दिया है, जहां डॉक्टरों की टीम द्वारा पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अस्पताल पहुंचकर पीड़ित परिजनों को ढांढस बंधाया।
पुलिस ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर लिखित शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और कानूनी जांच शुरू कर दी है कि एनीकट के पास सुरक्षा के क्या इंतजाम थे।
डूंगरपुर के इस भीषण हादसे ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों में जल स्रोतों के पास बच्चों की सुरक्षा को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र के सभी एनीकटों, तालाबों और बांधों के आसपास कड़े सुरक्षा चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं और गहरे पानी वाले क्षेत्रों की फेंसिंग की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी मां को अपनी कोख न गंवानी पड़े।
Updated on:
12 Jul 2026 01:20 pm
Published on:
12 Jul 2026 01:20 pm
