
UP Assembly Elections 2022 : लंबे अर्से से चली आ रही अटकलों पर उस समय विराम लग गया जब अपर्णा यादव ने बुधवार को दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली। अपर्णा यादव कोई और नहीं हैं, बल्कि सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव की छोटी बहू हैं। अपर्णा यादव 2014 में प्रधानंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना कर चर्चा में आई थी। इसके बाद उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भाई जैसा बताया था। इतना ही नहीं अपर्णा यादव ने राम मंदिर निर्माण के लिए 11 लाख रुपये का चंदा भी दिया था। अपर्णा यादव सामाजिक सेविका के साथ ही शानदार गायिका भी है और नृत्यकला से भी भलीभांति वाफिक हैं। 2017 में अपर्णा लखनऊ की कैंट विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुकी हैं। लेकिन इस चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।
2014 में पीएम मोदी की थी सराहना
अपर्णा यादव समाजवादी पार्टी के संस्थापक और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे प्रतीक यादव की पत्नी हैं। अर्पणा यादव लखनऊ के सिटी मांटेसरी स्कूल में पढ़ी हैं। सामाजिक सेवा के साथ बेहतरीन गायिकी और नृत्य कला में माहिर अर्पणा यादव पहली बार चर्चा में तब आई जब उन्होंने 2014 प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की कार्यशैली की सराहना की थी।
2017 में लखनऊ की कैंट सीट से हारीं थी चुनाव
इस बीच जब 2016 में मुलायम परिवार में मतभेद पैदा हुए, तो उन्होंने चाचा शिवपाल सिंह यादव का साथ दिया। लेकिन 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उन्हें पहाडी वोटों को देखते हुए लखनऊ की कैट विधानसभा से चुनाव मैदान में उतार दिया। लेकिन अपर्णा यादव यह चुनाव हार गई थीं। उनकी हार के पीछे पारिवारिक कलह को कारण माना गया था।
सीएम योगी को बताया था भाई जैसा
इसके बाद जब प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी तो उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गायों के प्रति प्रेम भाव की जमकर तारीफ की। तब मीडियाकर्मियों ने अपर्णा से पूछा था कि वह अपर्णा बिष्ट हैं और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का वास्तविक नाम अजय कुमार बिष्ट है। इस पर अपर्णा यादव ने कहा कि वह भी बिष्ट हैं। हम भी बिष्ट हैं। दोनों भाई-बहन जैसे हैं।
घूमर नृत्य का वीडियो हुआ था वायरल
इसके बाद अयोध्या मामले में भी उन्होंने भाजपा की कार्यशैली को सराहा। साथ ही मंदिर निर्माण के लिए 11 लाख की आर्थिक सहायता भी की। इस बीच फिल्म पद्मावती के एक गीत पर किए गए उनका घूमर गीत सोशलमीडिया पर जमकर वायरल हो चुका है।
भाजपा का गढ़ है कैंट विधानसभा सीट
वहीं अपर्णा यादव के भाजपा में शामिल होने के बाद से लखनऊ की कैंट विधानसभा सीट से प्रत्याशी के चयन करना भाजपा के लिए काफी मुश्किल भरा फैसला हो सकता है। क्योंकि कैंट विधानसभा सीट भाजपा का गढ़ रही है। यहां से मौजूदा विधायक सुरेश तिवारी तीन बार 1996, 2002, 2007 और इसके बाद 2019 के उपचुनाव में विधायक बन चुके हैं।
कई दिग्गजों की लगी हैं निगाहें
इस सीट पर भाजपा के कई दिग्गजों की निगाहें लगी है। इसमें सुरेश तिवारी के साथ ही डॉ दिनेश शर्मा. महेंद्र सिंह तथा मेयर संयुक्ता भाटिया के बेटे प्रशांत भाटिया का नाम काफी आगे चल रहा है। वहीं इस सीट से भाजपा सांसद रीता बहुगुणा जोशी अपने बेटे के लिए भी टिकट मांग रही है। बेटे को टिकट दिलाने के लिए रीता बहुगुणा जोशी अपनी सांसदी तक छोड़ने को तैयार हैं।
अपर्णा यादव का संक्षिप्त परिचय
वास्तविक नाम- अपर्णा बिष्ट
जन्मतिथि- एक जनवरी 1990
पिता का नाम- अरविंद सिंह बिष्ट
निक नेम- छोटी बहू
शादी की तिथि- दिसंबर 2011
पति का नाम- प्रतीक यादव
ससुर- यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव
शौक- वीणा बजाना, यात्रा करना, गायिकी
शिक्षा- पोस्ट ग्रेजुएट
होम टाउन- लखनऊ
कुल संपत्ति- लगभग 23 करोड़ रुपये से अधिक
Published on:
19 Jan 2022 01:21 pm
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