
आरोप है कि हत्या के बाद आरोपी ने वीडियो कॉल कर अपने पिता और पत्नी को शव भी दिखाया। इससे पहले गुरुवार को अंजली की स्कूटी सिविल लाइन थाना क्षेत्र के आईटीआई चौराहा के पास एक नाले में जली हुई हालत में मिली थी। परिजनों ने फ्रेंड्स कॉलोनी और सिविल लाइन थाने में कई बार गुहार लगाई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बाद में मामला गंभीर होता देख सिविल लाइन थाने में शिवेंद्र, सुरेंद्र और गौरव के खिलाफ अपहरण और एससी/एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने बताया कि जब अंजली के लापता होने की शिकायत मिली तो तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच के लिए एसपी सिटी, सीओ सिटी, कोतवाली पुलिस और सर्विलांस टीम को लगाया गया। जांच के दौरान आरोपी शिवेंद्र उर्फ सुरेंद्र और उसके सहयोगी गौरव को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि अंजली द्वारा बार-बार रुपये वापस मांगने पर उन्होंने उसे बुलाया, शराब पिलाई और फिर गमछे से गला घोंटकर हत्या कर दी। रात के समय शव को यमुना नदी के पुल से नीचे फेंक दिया।
उन्होंने आगे कहा कि आरोपियों की निशानदेही पर एनडीआरएफ और पुलिस टीमों ने सर्च ऑपरेशन चलाया और शव बरामद किया गया। शव की पहचान परिजनों ने अंजली के रूप में की। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त गमछा, टाटा गाड़ी और जली हुई स्कूटी भी बरामद कर ली है। दोनों आरोपी शिवेंद्र उर्फ सुरेंद्र और गौरव को गिरफ्तार कर जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। चूंकि यह मामला एससी/एसटी एक्ट से जुड़ा है, इसलिए जांच सीओ स्तर के अधिकारी द्वारा की जा रही है और विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
सोर्स: IANS
Published on:
12 Apr 2025 09:22 pm
बड़ी खबरें
View Allइटावा
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
