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मुलायम कुनबे में सत्तासग्रांम का असर भाई बहन के पर्व रक्षाबंधन पर भी पड़ा

पहले अखिलेश अपनी चचेरी बहनों से राखी बंधवाते थे।  
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इटावा

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Ashish Kumar Pandey

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Updated: 26 Aug 2018, 7:35 PM IST

etawah

मुलायम कुनबे में सत्तासग्रांम का असर भाई बहन के पर्व रक्षाबंधन पर भी पड़ा

दिनेश शाक्य
इटावा. भाई बहन के प्यार के पर्व रक्षा बंधन का देश के बड़े राजनैतिक मुलायम कुनबे में खासा प्रभाव अर्से से देखा जाता रहा है लेकिन जब से परिवार के भीतर सत्तासंग्राम शुरू हुआ है तब से भाई बहन के प्यार के पर्व पर भी असर पड़ा है।
समाजवादी पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव अपनी इकलौती बहन कमलादेवी के यहां रक्षाबंधन के मौकै पर राखी बंधवाने के लिए एक लंबे अर्से से आते रहे हैं। उनके साथ उनके भाई शिवपाल सिंह यादव भी रहते आए हैं। इसके अलावा गैर राजनैतिक भाई भी बहन का स्नेहप्रेम पाने के लिए रक्षाबंधन के मौके पर आने में कोई कसर नहीं छोड़ते हैं।
मुलायम सिंह यादव रक्षाबंधन जैसे पावन पर्व पर अपनी इकलौती बहन कमला देवी से राखी बधवाने के लिए हमेशा आते रहे हैं, उनके साथ उनके बेटे अखिलेश यादव भी मौजूद होते रहे हैं लेकिन जब से मुलायम कुनबे में सत्ता संग्राम शुरू हुआ है तब से कई मौके ऐसे रहे हैं, जिनमें अखिलेश यादव और मुलायम सिंह यादव ने कमलादेवी के यहां आना मुनासिब नहीं समझा। मुलायम सिंह यादव की गैरमौजूदगी में उनके छोटे भाई शिवपाल सिंह यादव अपनी बहन कमलादेवी से राखी बनवाने के लिए पहुंचते रहे थे। आज भी कुछ ऐसा ही रहा है मुलायम की गैर मौजूदगी में उनके पास शिवपाल सिंह ही राखी बंधवाने के लिए आये।
अखिलेश यादव को कोई सगी बहन तो नही है। इसलिए रक्षा बंधन के मौके पर चचेरी और फुफेरी बहनों से ही राखी बांधवाते रहे हैं। 2012 में जब अखिलेश यादव की उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के तौर ताजपोशी हुई तब शिवपाल सिंह यादव की बेटी और उनकी चचेरी बहन डा.अनुभा यादव को यदाकदा रक्षाबंधन के मौके पर राखाी बांधते हुए देखा और सुना गया। एक बार लखनऊ और एक बार सैफई में डा. अनुभा राखी बांधने के लिए अपने भाई अखिलेश यादव को पहुंची, लेकिन जब कभी अखिलेश यादव अपने पिता मुलायम सिंह यादव के साथ फूफा के यहॉ आये तो वहां पर फूफा की बेटियों ने ही उनको राखी बांधी है, जब कभी भी अखिलेश यादव सैफई आये तो सांसद धर्मेंद्र यादव की बहनों ने उनको राखी बांधी।
1989 में पहली बार मुलायम सिंह यादव उत्तर प्रदेश के सत्ता पर मुख्यमंत्री के तौर पर ताजपोशी करने के बाद से लगातार मुलायम सिंह यादव अपनी बहन कमला देवी के यहां रक्षाबंधन पर्व पर राखी बनवाने के लिए आते रहें है। यदाकदा कभी कोई समस्या होती है तो कमला देवी लखनऊ अपने भाई मुलायम सिंह यादव के यहां पहुंच जाया करतीं।