
पुलिस वालों को शराब पीने से मना किया तो घर में घुस कर महिलाओं से करने लगे छेडख़ानी
फर्रुखाबाद. थाना राजेपुर के रहने वाले भाजपा राजेपुर मण्डल के मंत्री मुनेश अपनी दुकान बंद कर शाम को घर के अंदर चला गया उसके बाद जब वह बाहर निकला तो दुकान के बाहर दो लोग शराब पी रहे थे। उनको दुकान के बाहर शराब पीने से मना किया तो उन्होंने कहा कि मैं इसी थाने का सिपाही हूं शराब तो यहीं पर पियूँगा, देखता हूं तुम मेरा क्या करते हो। इस बात पर उन दोनों लोगों से बहस होने लगी आवाज सुनकर मेरे घर वाले भी आ गए तो दो सिपाही थाने में चले गए क्योंकि मेरी दुकान थाने के सामने है। उसके बाद दरवाजा बन्द करके परिवार सहित सोने के लिए लेट गया। रात्रि में ग्रामीण बैंक से सीढ़ी लगाकर 10 से 12 पुलिस कर्मी हथियारों व डंडों से लैस जिनमें एसओ अंगद सिंह, अनुराग सिंह, दीपक त्रिवेदी एसआई, दरोगा जैदी, सिपाही विपिन, सुशील, उपलेश व मनोज अन्य चार उनके नाम पता नहीं है।
सभी पुलिस कर्मचारी छत से नीचे उतरकर मेरी पत्नी पूजा सहित घर की दर्जनों महिलाओं व बहनों के साथ छेडख़ानी के साथ उनके कपड़े फाड़ दिए। बहन को एक सिपाही ने मूहँ बन्द करके शरीर में कई स्थानों पर चोट पहुंचाई है, जिससे वह घायल भी हो गई। घर के अंदर देर रात शोर शराबा सुनकर आसपास के लोग एकत्र हो गए तो पुलिस वालों ने धमकी देकर कहा कि यदि मुह खोला तो आगे समझ लेना फिर मेरे ताऊ के लड़के अबनेश को थाने लेकर बन्द कर दिया उसको भी बहुत मारापीटा।
जब रात को उसको छोडऩे की गुहार लगाई तो पुलिस वालों ने कहा इसकी तो बात छोड़ो इतने फर्जी मुकदमे लगाएंगे कि पूरी जिन्दकी उसी में निकल जायेगी। पुलिस कर्मचारियों की पिटाई से लगभग एक दर्जन लोगों को चोटें आई हैं। राजेपुर थाने का सम्पूर्ण पुलिस स्टाफ अत्याचार करने पर उतारू है। जिलाधिकारी मोनिका रानी ने बताया कि पीडि़तों की बात सुनकर उनको एसपी मृगेंद्र सिंह के पास भेज दिया है। मामले की सही जांच कराकर उचित कार्यवाही कराई जायेगी।
आखिर पुलिस अपनी सुविधानुसार कर रही कार्य
जिस प्रकार से राजेपुर पुलिस के ऊपर आरोप लगे हैं वह मित्र पुलिस के नहीं हो सकते हैं। एक तरफ डीजीपी का कहना कि समाज में जनता के साथ मित्रवत होकर कार्य करें जिससे समाज के अंदर की बुराइयों को दूर किया जा सके वहीं स्थानीय पुलिस उसके विपरीत जाकर घरों में महिलाओं के साथ बदनीयत से मारपीट करती है। कैसे पुलिस जनता की मित्र। जिस प्रकार से स्थानीय भाजपा ने अपने ऊपर हुए अत्याचार की दास्तान डीएम को सुनाई उससे यही लगता है कि जनता की रक्षक पुलिस खुद भच्छक बनती जा रही है।
Published on:
29 May 2018 09:40 pm
बड़ी खबरें
View Allफर्रुखाबाद
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
