
एक्सिस बैंक ने केरल बाढ़ पीड़ितों को दिए पांच करोड़, चेक बाउंस और लेट-पे फीस भी माफ
नई दिल्ली। निजी क्षेत्र के एक्सिस बैंक ने केरल बाढ़ राहत कोष में पांच करोड़ रुपए का योगदान दिया है। साथ ही बैंक ने अगस्त माह के लिए चेक बाउंस का जुर्माना और विलंबित भुगतान शुल्क माफ कर दिया है। क्रेडिट कार्ड और अन्य रिटेल ऋण जैसे गिरवी, कार, स्वर्ण और निजी ऋण इसी विशेष प्रावधान के तहत आते हैं। बैंक के कार्यकारी निदेशक राजीव आनंद ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष में दो करोड़ रुपए दिए। शेष तीन करोड़ रुपए बैंक के पाटर्नर गैर-सरकारी संगठनों को दिए जाएंगे, जो राज्य में जारी पुनर्वास कार्य में इसका इस्तेमाल करेंगे।
केरल में एक्सिस बैंक की 109 शाखाएं
राज्य में बैंक की 109 शाखाए हैं और इन शाखाओं के कर्मचारियों ने भी बाढ़ पीडितों की मदद में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ‘एक्सिस सहायता’ के तहत बैंक कर्मचारियों ने बाढ़ पीड़ितों के बीच राहत किट वितरित किए, जिनमें चावल, आटा, पीने का पानी, चीनी, नमक, चाय, दूध पाउडर आदि थे। इस किट को कोट्टायम, अलाप्पूझा, पलई और वाईकोम में वितरित किया गया।
SBI भी दे चुका है 2 करोड़ रुपए
इससे पहले देश का सबसे बड़ा सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) केरल में बाढ़ पीड़ितों और संकटग्रस्त राज्य को वापस पटरी पर लाने के लिए दो करोड़ रुपए दान में दे चुका है। एसबीआई ने अपने सभी 270,000 कर्मचारियों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष (सीएमडीआरएफ) में योगदान देने के लिए प्रोत्साहित किया और बैंक बराबर राशि का योगदान देगा। राज्य के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में शाखाओं और एटीएम के काम को बहाल करने के प्रयासों के अलावा बाढ़ से राहत के लिए ऋण देने, डुप्लिकेट पासबुक, एटीएम कार्ड, चेक बुक सेवाओं और ईएमआई में देरी होने को लेकर शुल्क में छूट देने की भी घोषणा की। इसके अलावा एसबीआई ने सीएमडीआरएफ को भेजी गई निधि पर लगने वाले सभी शुल्कों को छोड़ने का फैसला किया है।
Updated on:
24 Aug 2018 04:21 pm
Published on:
24 Aug 2018 04:21 pm
