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फास्टैग से जुड़ेगा ई-वे बिल, टैक्स चोरी पर लगेगी लगाम

टैक्स चोरी पर लगाम लगाने के लिए सरकार एक सख्त कदम उठाने की तैयारी में है। दरअसल सरकार ई-वे बिल को एनएचएआई के फास्टैग सिस्टम से लिंक करने की योजना बना रहा है।
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नई दिल्ली

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Manish Ranjan

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Updated: 20 Nov 2018, 3:14 PM IST

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फास्टैग से जुड़ेगा ई-वे बिल, टैक्स चोरी पर लगेगी लगाम

नई दिल्ली। टैक्स चोरी पर लगाम लगाने के लिए सरकार एक और सख्त कदम उठाने की तैयारी में है। दरअसल, सरकार ई-वे बिल को एनएचएआई के फास्टैग सिस्टम से लिंक करने की योजना बना रही है। सरकार सामानों की आवाजाही में तेजी लाने के लिए और उन पर हो रही टैक्स चोरी को रोकने के लिए ये कदम उठा रही है। ई-वे बिल को दिल्ली मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के फास्टैग और लॉजिस्टक्स डेटा बैंक के साथ जोड़ा जाएगा।

इसलिए जरूरी है ई-वे बिल

एक अध‍िकारी के मुताबिक, इस प्रस्ताव पर तेजी से काम हो रहा है। उन्होंने कहा कि अगर इस प्रस्ताव पर अमल होता है तो जीएसटी की चोरी रोकने में मदद मिलेगी। दूसरी तरफ, ईमानदार कारोबारियों को इसका फायदा मिलेगा। बता दें कि ई-वे बिल की व्यवस्था एक अप्रैल 2018 से लागू की गई है। इस नई व्यवस्था के तहत अगर आप दूसरे राज्य में 50 हजार रुपए से ज्यादा का माल भेज रहे हैं तो इसके लिए आपके पास ई-वे बिल होना जरूरी है।

माल परिवहन हो जाएगा सरल

उम्मीद जताई जा रही है कि इस कदम से जीएसटी चोरी रोकने के साथ ही माल परिवहन और सरल हो जाएगा। अध‍िकारियों का कहना है कि इस प्रस्ताव से देश में माल के आवागमन में तेजी आएगी। मौजूदा समय में यह काम अलग-अलग एजेंसियों की तरफ से किया जाता है। इनके बीच तालमेल न बैठ पाने की वजह से कई बार कारोबारियों को दिक्कत पेश आती है। साथ ही इससे लॉजिस्ट‍िक कंपनियों का कारोबार प्रभावित होता है।