
नई दिल्ली। याद है आपको 8 नवंबर 2016 का दिन जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शाम आठ बजे देशवासियों को झटका देते हुए नोटबंदी का एेलान किया था। तब पीएम मोदी ने टेलीविजन पर देश को संबोधित करते हुए 1000 और 500 रुपए के नोट को तत्काल बंद करने की घोषणा की थी। नोटबंदी के कारण लोगों के पास नकदी की समस्या पैदा हो गई थी। अब एक बार फिर देशवासियों को 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले एक बार फिर नोटबंदी का सामना करना पड़ सकता है। संभावना जताई जा रहा है कि पीएम मोदी आगामी लोकसभा चुनाव से पहले एक और नोटबंदी का एेलान कर सकते हैं।
ये है कारण
दरअसल बीते काफी समय से देश में 2000 रुपए के नोट की किल्लत देखी जा रही है। एटीएम के साथ बैंकों में भी 2000 रुपए के नोट की आवक कम है। एेसे में अंदेशा जताया जा रहा है कि पीएम मोदी कभी भी 2000 रुपए को नोट को बंद करने का एेलान कर सकते हैं। एक प्रमुख सरकारी बैंक के मैनेजर के अनुसार इस समय भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की ओर से बैंकों को 2000 रुपए के नोट नहीं दिए जा रहे हैं। बैंक मैनेजर का कहना है कि आरबीआई के इस कदम से बैंकों में अघोषित रूप से नकदी का सामना करना पड़ रहा है। बैंक मैनेजर का मानना है कि जिस प्रकार से 2000 रुपए के नोट देने पर पाबंदी लगाई जा रही है, उससे कभी भी नोटबंदी जैसी घोषणा हो सकती है।
एटीएम में भी नोटों की किल्लत
बीते कुछ समय से देशभर के एटीएम में भी नोटों की किल्लत हो रही है। इससे लोगों को कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। एटीएम में नोटों की किल्लत की वजह बैंक आरबीआई से नए नोट नहीं मिलना बता रहे हैं। बैंकों का यह भी कहना है कि आरबीआई की ओर से जारी कि गए 10, 50, 200 के नए नोटों को एटीएम में रखने की सुविधा नहीं हैं। इस कारण भी एटीएम में नोटों की किल्लत हो रही है। हालांकि, आरबीआई ने एटीएम में नोटों की किल्लत को गंभीरता से लेते हुए सभी बैंकों को एटीएम में पर्याप्त मात्रा में नोट उपलब्ध कराने के निर्देश दिया था।
Published on:
15 Apr 2018 03:45 pm
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