
फिरोजाबाद। सिरसागंज विधायक और उनके पुत्र पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष की परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। विधायक के जेल जाने के बाद पचोखरा थाने में उनके और पुत्र के विरूद्ध अपहरण के मामले में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
दो मार्च को हुआ था अपहरण
मामला दो मार्च का है। थाना पचोखरा क्षेत्र के गांव सिकरारी निवासी राजेश पुत्र मोहर सिंह ने दर्ज कराई रिपोर्ट में लिखा है कि उनकी भतीजी विजय धनगर पुत्री सूबेदार वार्ड नंबर 19 से जिला पंचायत सदस्य है। आरोप है कि दो मार्च को दिन में सिरसागंज विधायक हरीओम यादव और उनके पुत्र पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष विजय प्रताप उर्फ छोटू होली खेलने के लिए आए थे। उसके बाद वह बहाने बनाकर जिला पंचायत सदस्य को अपनी गाड़ी में बिठाकर ले गए। जब इसकी जानकारी उनके पिता को हुई तो वह विधायक के आवास पर पहुंचे और बेटी को रिहा करने की बात कही।
पिता को भी बना लिया बंधक
आरोेप है कि विधायक ने पिता और पुत्री दोनोें को बंधक बना लिया। जिनका अभी तक कोई सुराग नहीं लग सका है। विधायक के जेल जाने के बाद उनकी भतीजी अभी तक घर वापस लौटकर नहीं आई है। तहरीर के आधार पर पुलिस ने विधायक और उनके पुत्र समेत 10 अन्य के विरूद्ध धारा 364, 342 के अलावा एससी एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। इस मामले में थानाध्यक्ष प्रवेश कुमार का कहना है कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जिला पंचायत सदस्य की तलाश की जा रही है। उनकी बरामदगी के बाद ही मामले की जानकारी हो सकेगी कि वास्तविकता में सत्यता क्या है।
छह दिन बाद क्यों दर्ज कराया मुकदमा
जिला पंचायत सदस्य के लापता होने का छह दिन बाद मुकदमा दर्ज कराना किसी के गले नहीं उतर रहा है। जिला पंचायत सदस्य के लापता होने की सूचना परिजनों ने पुलिस को भी नहीं दी। छह दिन बाद अचानक परिजनों ने थाने पर तहरीर देकर विधायक और उनके विरूद्ध मुकदमा दर्ज करा दिया।
Published on:
09 Mar 2018 09:42 am
