
Elephant Attack: गरियाबंद जिले के पांडुका इलाके में इन दिनों दंतैल की दहशत है। बुधवार सुबह फुटु निकालने गई 2 महिलाएं ऐसे ही एक हाथी के हत्थे चढ़ गईं। हाथी ने एक महिला को उठाकर ऐसा पटका कि मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हमले में दूसरी महिला भी घायल हुई है पर वह किसी तरह जान बचाकर भागने में कामयाब रही। बता दें कि इस हाथी ने हाग्फ्ते हफ्ते में दूसरी जान ली है। इससे पहले गजराज ने महासमुंद जिले के केशवा गांव में एक युवक को मारा था।
मिली जानकारी के अनुसार, पोंड की बरमत बाई 58 वर्ष और मंगली बाई 53 वर्ष फूटू निकालने पास के जंगल गई थी। इस दौरान जंगल में घूम रहे गुस्सैल हाथी ने बरमत (Elephant Attack) को मौत के घाट उतार दिया। दूसरी महिला मंगली घायल है। घटना सुबह 6 बजे के आसपास की बताई जा रही है, जो पोंड़ से 4 किमी दूर है। मृतक महिला कमार समाज के अध्यक्ष की मां हैं।
लोगों ने बताया कि बरमत बाई को कुचलने के बाद हाथी घंटों तक शव के आसपास ही घूमता रहा, जिससे शव को जंगल से बाहर निकालना वन अमला के लिए मुश्किलों का सामना करना पड़ा। इस (CG Elephant Attack) घटना के बाद से पोंड, कूकदा, नागझर सहित 10 से अधिक गांवों में अलर्ट जारी कर दिया गया है।
हाथी एक सप्ताह के पांडुका परिक्षेत्र की विभिन्न बीट में घूम रहा है। नांघझर ,पचपेड़ी, पोंड, आसरा बोडरा बांधा कुगदा सहित पूरे आसपास गांव में मुनादी करवाकर लोगों को सतर्क रहने कहा जा रहा है। जंगल न जाने की समझाइश भी दी गई है। साथ ही हाथी मित्र दल लगातार हाथी के स्वभाव को (Elephant Attack) देखते हुए इससे दूरी बनाए रखने की अपील करते हुए लोगों को समझा रहा है।
मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता के रूप में 25 हजार सरपंच और विभागीय अधिकारी-कर्मचारियों के सामने दिया गया है। घायल मंगली बाई को 1000 की आर्थिक सहायता दी गई।
Updated on:
22 Aug 2024 02:07 pm
Published on:
22 Aug 2024 02:06 pm
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