
Exclusive Interview: कांग्रेस की इस खूबसूरत नेत्री ने बताया कैसे जीतेंगी लोकसभा चुनाव, देखें वीडियो-
तेजस चौहान/गाजियाबाद. आगामी 11 अप्रैल को होने वाले लोकसभा चुनाव जीत हासिल करने के लिए सभी प्रत्याशियों ने अपनी-अपनी ताकत झोंक रखी है। यदि बात गाजियाबाद लोकसभा क्षेत्र की करें तो यहां पर गठबंधन, कांग्रेस और भाजपा के प्रत्याशियों में त्रिकोणीय मुकाबला है। कांग्रेस प्रत्याशी डॉली शर्मा की बात करें तो वह पहली बार लोकसभा के चुनाव में उतरीं हैं। इससे पहले वह महानगर से मेयर पद का चुनाव भी लड़ चुकी हैं। इस चुनाव में गठबंधन और भाजपा प्रत्याशी को कड़ी टक्कर देती नजर आ रही हैं। इसी को लेकर पत्रिका ने डॉली शर्मा से विशेष बात की और जाना कि वह किन मुद्दों के साथ चुनाव मैदान में उतरी हैं और कैसे जनता का दिल जीतेंगी? पेश हैं उनसे बातचीत के प्रमुख अंश।
सवाल: पहल बार सांसद का चुनाव लड़ते हुए कैसा अनुभव कर रही हैं?
जवाब: गाजियाबाद का दुर्भाग्य रहा है कि हमेशा से ही बाहरी प्रत्याशी जनता के ऊपर थोप दिया जाता है, लेकिन इस बार कांग्रेस ने मुझे अवसर दिया है। मैं गाजियाबाद में ही पली-बढ़ी हूं। यहीं पढ़ाई की है। इसलिए मुझे यहां की जनता अपना भरपूर प्यार देते हुए भारी बहुमत से विजय बनाने का कार्य करेगी।
सवाल: मौजूदा सांसद को किस रूप में देखती हैं?
जवाब: जनरल वीके सिंह 5 साल गाजियाबाद के सांसद रहे, लेकिन उन्होंने कभी लोगों के दर्द को नहीं समझा। वह कभी जनता के बीच नहीं पहुंचे। उन्होंने जनता कि किसी भी तरह की आवाज को नहीं सुना। इसलिए यहां की जनता इस बार उनसे बेहद नाराज है। इसका सबसे बड़ा कारण यह है कि वह बाहरी हैं और उन्हें गाजियाबाद से कोई लेना-देना नहीं है।
सवाल: भाजपा विकास के तमाम दावे कर रही है, उससे कैसे निपटेंगी?
जवाब: भले ही भाजपा गाजियाबाद में तमाम विकास के दावे कर रही हो। हाई स्पीड ट्रेन देने की बात कर रही हो, लेकिन वह अपनी विधानसभा क्षेत्र में लोगों के इलाज के लिए अस्पताल तक मुहैया नहीं करा पाए हैं। इसके अलावा बच्चों को अच्छी शिक्षा देने के उद्देश्य से शिक्षण संस्थान उपलब्ध नहीं हैं, जो तमाम वादे किए गए थे। उनमें कहीं भी अपनी कसौटी पर खरे नहीं उतर पा रहे हैं।
सवाल: चुनाव जीतीं तो सबसे पहले कौन से विकास कार्य कराएंगी?
जवाब: गाजियाबाद लोकसभा क्षेत्र के धौलाना, लोनी, पिलखुवा, मुरादनगर के गांवों की हालत बद से बदतर है, लेकिन वहां के लोगों की किसी ने कोई सुध नहीं ली है। वहां के लोग नारकीय जीवन जीने के लिए मजबूर हैं। उधर, किसान की गन्ने की पेमेंट नहीं हो पाई है। किसानों से 14 दिन के अंदर पेमेंट दिलाने का वादा किया था, लेकिन आज तक नहीं हुआ। इसके अलावा प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के अभिभावक पिछले काफी समय से प्राइवेट स्कूलों की मनमानी के खिलाफ मुद्दा उठाते आए हैं, लेकिन उनकी भी कोई सुनवाई नहीं की गई। गाजियाबाद के इन लोकल मुद्दों का समाधान कराना पहली प्राथमिकता होगी।
सवाल: गठबंधन प्रत्याशी को किस रूप में देखती हैं?
जवाब: गठबंधन कहीं कुछ नहीं है, क्योंकि यह देश का चुनाव है कोई राज्य का चुनाव नहीं है। राज्य के पार्टी राज्य तक ही सीमित हैं। इस चुनाव के बाद देश की सरकार बदलेगी। यदि भारतीय जनता पार्टी यानी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यदि कोई टक्कर दे रहा है तो वह राहुल गांधी दे रहे हैं।
सवाल: गरीबों के लिए कोई खास योजना?
जवाब: राहुल गांधी ने कहा है कि गरीबी रेखा से नीचे वाले गरीब लोगों को 72 हजार रुपये प्रति वर्ष दिए जाएंगे। उन्हें सही लोगों तक पहुंचाने का कार्य जिम्मेदारी के साथ किया जाएगा। इसके अलावा बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार के अवसर प्राप्त हों इस तरह की योजनाएं तैयार की जाएंगी।
सवाल: कुछ लोग कांग्रेस में फूट की बात कह रहे हैं?
जवाब: कांग्रेस पार्टी में किसी तरह की कोई फूट नहीं है सभी कार्यकर्ता पूरी तरह चुनाव में जुटे हुए हैं। और रही बात गठबंधन की तो गठबंधन हमारे सामने कहीं नहीं ठहरता है। सभी लोग जानते हैं कि यदि नरेंद्र मोदी को टक्कर दे सकता है तो वह केवल कांग्रेस पार्टी ही दे सकती है।
Updated on:
29 Mar 2019 12:49 pm
Published on:
29 Mar 2019 12:42 pm
बड़ी खबरें
View Allगाज़ियाबाद
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
