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Gaziabad News : पूर्व केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह की बेटी से करोड़ों का फ्रॉड, पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

पूर्व केंद्रीय मंत्री और गाजियाबाद के पूर्व सांसद जनरल (रिटायर्ड) वीके सिंह की बेटी योगजा सिंह ने लोहा कारोबारी आनंद प्रकाश के खिलाफ कविनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें योगजा सिंह का आरोप है कि आनंद प्रकाश ने मकान बेचने के नाम पर उनके साथ 3.38 करोड़ की धोखाधड़ी की।

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गाजियाबाद में पूर्व केंद्रीय मंत्री रिटायर्ड जनरल वीके सिंह की बेटी से 3.5 करोड़ का फ्रॉड हुआ।लोहा कारोबारी आनंद प्रकाश के खिलाफ उन्होंने मामला दर्ज करवाया है।कविनगर थाना पुलिस ने इसकी जांच शुरू कर दी है। वीके सिंह की बेटी का आरोप है कि आनंद प्रकाश ने उनसे मकान बेचने के नाम पर 3.5 करोड़ रुपये ऐंठ लिए।

लोहा कारोबारी पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज

कुछ दिन पहले ही वीके सिंह ने आनंद प्रकाश और एक मीडियाकर्मी पर गलत तथ्यों के आधार पर खबर चलाने का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने बतया- वीके सिंह की बेटी योगजा सिंह ने लोहा कारोबारी आनंद प्रकाश पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है।आरोप है कि लोहा कारोबारी ने मकान बेचने के नाम पर पूर्व मंत्री की पुत्री से साढ़े तीन करोड़ रुपए हड़प लिए। थाना कविनगर पुलिस ने बुधवार को इस केस में FIR दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।

जानिए पूरा मामला

योगजा सिंह के मुताबिक 14 जून 2014 को उनका सौदा राजनगर स्थित मकान को लेकर आनंद प्रकाश से साढ़े पांच करोड़ रुपए में हुआ। 10 लाख रुपए बतौर बयाना दिए गए थे 15 जुलाई 2014 को फिर उन्हें इस मकान पर कब्जा मिल गया योजना ने कहा कि इस मकान पर मुझे लोन कराना था इसलिए मैंने साढ़े 33 लाख रुपए आनंद प्रकाश के खाते में ट्रांसफर किए मैं उनसे मकान के कागजात मांगती रही, लेकिन नहीं मिले कागज देने की एवज में मुझसे और रुपए मांगे जाते रहे इसलिए साल-2018 में एक करोड़ रुपए, 15 नवंबर 2019 को एक करोड़ रुपए और 12 अक्टूबर 2023 को एक करोड़ रुपए मैंने दे दिए इस तरह कुल राशि 3 करोड़ 48 लाख रुपए आनंद प्रकाश पर पहुंच गई।

आरोपी का था कब्जा करने का इरादा

वीके सिंह की बेटी ने आरोप लगाया 21 अक्टूबर 2023 को मेरा दो करोड़ रुपए का लोन बैंक से स्वीकृत हो गया इसके बाद मैंने आनंद प्रकाश से मकान की रजिस्ट्री कराने के लिए कहा।मेरे बार-बार कहने के बावजूद दूसरे पक्ष ने मकान का बैनामा नहीं कराया उनकी मंशा मुझे इस मकान से बेदखल करके अपना कब्जा करने की थी अब मुझे पता चला है कि आनंद प्रकाश से पहले से ही इस मकान पर लोन लिया हुआ है।