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गृह मंत्रालय के निर्देश पर हुई जांच तो खुल गई नगर पालिका अध्यक्ष की पोल, अब जाऐंगी जेल?

भारत सरकार गृह मंत्रालय के निर्देश पर जांच हुई तो शत्रु संपत्ति के मामले में नगर पालिका अध्यक्ष की पोल खुल गई।

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Municipal Council Gonda President Uzma Rashid

नगर पालिका अध्यक्ष उजमा रशीद

भारत सरकार गृह मंत्रालय के निर्देश पर शत्रु संपत्ति के मामले को लेकर बड़ी कार्यवाई हुई है। जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने बताया कि नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष उजमा राशिद के खिलाफ शत्रु संपत्ति के मामले में भारत सरकार गृह मंत्रालय के अधीन कार्यवाई हो रही थी। विगत वर्ष शत्रु संपत्ति पर बने दुकान और मकान को सील किया गया था। इसके बाद गहन जांच में यह तथ्य प्रकाश में आया है, कि शत्रु संपत्ति के मामले में दस्तावेजों में काफी उलट फेर की गई है। जिसको लेकर एक एफआईआर दर्ज कराई गई है।

गोंडा जिले के नगर पालिका गोंडा की अध्यक्ष उजमा रशीद के खिलाफ शत्रु संपत्ति अवैध कबजेदारी को लेकर संरक्षक शत्रु सम्पत्ति गृह मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के निर्देश पर जून 2023 में नगर पालिका अध्यक्ष उजमा राशिद के रकाबगंज स्थित आवास को सील करा दिया था। मामला नगर पालिका क्षेत्र के रकाबगंज में स्थित दुकान संख्या 15 और 16 से संबंधित है। यह शत्रु सम्पत्ति है। 1967 में देश भर की शत्रु सम्पत्तियां संरक्षक शत्रु सम्पत्ति गृह मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के नाम हस्तांतरित कर दी गई थी। वर्ष 2020 में गोण्डा के रकाबगंज स्थित इस शत्रु सम्पत्ति पर अवैध कब्जा किए जाने का प्रकरण सामने आया। संरक्षक शत्रु सम्पत्ति गृह मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के स्तर पर जांच कराई गई। इस जांच में शत्रु सम्पत्तियों पर अनाधिकृत रूप से कब्जा किए जाने का खुलासा हुआ। जांच में सामने आया कि उजमा राशिद को वर्ष 2001-02 से इस सम्पत्ति का किरायेदार दिखाया गया है। इस सम्पत्ति का हस्तांतरण भी किया गया। जांच में स्पष्ट हुआ है कि नगर पालिका परिषद गोण्डा के शत्रु सम्पत्ति संबंधी दस्तावेजों से छेड़छाड़ की गई। कूट रचना कर अनियमित एवं अवैध तरीके से उजमा राशिद का नाम इन दस्तावेजों में अंकित किया गया। संरक्षक शत्रु सम्पत्ति गृह मंत्रालय भारत सरकार, नई दिल्ली के आदेश पर जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने इस पूरे प्रकरण को संज्ञान में लिया। उनके निर्देश पर कार्यवाही शुरू कर दी गई है।

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