गोण्डा. खरगूपुर थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय में गुरुजी खर्राटे मारकर गहरी नींद में सो रहे थे। बच्चों ने देखा तो उनकी हंसी छूट गई। इस दौरान कुछ बच्चे आपस में झगड़ा कर रहे थे। काफी शोर मचने पर जब गुरू जी की नींद खुली तो झगड़ा करने वाले बच्चे भाग खड़े हुए। गुस्साए और नींद से जागे गुरूजी को वहां एक बच्चा खड़ा मिल गया, जिसकी उन्होंने इतनी पिटाई कर दी, कि उसका दायां हाथ टूट गया। जब छात्र जमीन पर गिरकर चिल्लाने लगा तो आनन-फानन में अध्यापक ने उसे अपनी गाड़ी पर बिठाकर उसके हाथ प्लास्टर करा कर उसे घर भेज दिया।