
जलभराव को लेकर सीएम योगी का बड़ा बयान। Image-Video Grab
CM Yogi Big Statement: उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ ने बारिश और जलभराव की समस्या को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी शहर या महानगर में जलभराव की स्थिति स्वीकार नहीं की जाएगी। अगर जलनिकासी व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने आई तो जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ जवाबदेही तय करते हुए कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बुधवार को एनेक्सी भवन सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री योगी ने विकास कार्यों, बाढ़ से बचाव और जलनिकासी की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की। इस दौरान उनका विशेष फोकस जलभराव रोकने की तैयारियों पर रहा।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि बारिश के दौरान अधिक से अधिक पंपों का संचालन सुनिश्चित किया जाए और नालों-नालियों की नियमित सफाई कराई जाए। उन्होंने दो टूक कहा कि हर जरूरी तैयारी समय रहते पूरी कर ली जाए जिससे किसी भी इलाके में जलभराव की स्थिति पैदा न हो। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जलनिकासी व्यवस्था में ढिलाई बरती गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
CM योगी ने कहा कि सभी नालों और नालियों की नियमित सफाई कराई जाए तथा उन्हें अतिक्रमण मुक्त रखा जाए। उन्होंने सिंगल यूज प्लास्टिक के इस्तेमाल पर प्रभावी रोक लगाने पर भी जोर दिया, ताकि नालियां चोक न हों। उन्होंने निर्देश दिया कि नाला निर्माण और मरम्मत से जुड़े सभी प्रस्ताव समय पर तैयार किए जाएं और निर्धारित समयसीमा में कार्य पूरा कराया जाए।
मुख्यमंत्री ने राप्ती कॉम्प्लेक्स, गोरक्ष एंक्लेव, विजय चौराहा और धर्मशाला जैसे क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि नालों की सफाई के बाद उन्हें ढकने की व्यवस्था की जाए और नगर निगम के सभी पंप पूरी क्षमता से संचालित किए जाएं। साथ ही लोगों को भी जागरूक किया जाए कि वे कूड़ा नालियों में न डालें।
CM योगी ने कहा कि स्वच्छता केवल सरकारी अभियान न रहे, बल्कि इसमें आम लोगों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने हर वार्ड, मलिन बस्तियों और खाली पड़े प्लॉटों में विशेष सफाई अभियान चलाने, नियमित फॉगिंग और कीटनाशक छिड़काव कराने तथा कूड़ा निस्तारण की प्रभावी व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में भी नियमित स्वच्छता अभियान चलाने और जनप्रतिनिधियों को इसमें सक्रिय रूप से जोड़ने की बात कही।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर में स्ट्रीट वेंडर्स को व्यवस्थित किया जाए, सभी स्ट्रीट लाइटें सुचारु रूप से कार्य करें और शहर में लगे सभी सीसीटीवी कैमरों को अपडेट रखा जाए। उन्होंने कहा कि इससे शहर की सुरक्षा व्यवस्था और यातायात प्रबंधन बेहतर होगा।
सीएम योगी ने कहा कि बेसहारा गोवंश सड़कों पर नहीं दिखने चाहिए। उन्होंने नगर निगम को निर्देश दिया कि आवारा कुत्तों के लिए डॉग शेल्टर बनाए जाएं ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके अलावा मुख्य चिकित्सा अधिकारी को जिला अस्पताल समेत सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर पर्याप्त मात्रा में एंटी स्नेक वेनम और एंटी रैबीज वैक्सीन उपलब्ध रखने के निर्देश भी दिए।
मुख्यमंत्री ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी तटबंधों की नियमित निगरानी की जाए और उनकी सुरक्षा के लिए लगातार पेट्रोलिंग होती रहे। उन्होंने बाढ़ चौकियों को पूरी तरह सक्रिय रखने, राहत केंद्रों पर बेहतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने और संभावित प्रभावित गांवों में बीमारियों की रोकथाम के लिए विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
बैठक के अंत में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बारिश या बाढ़ के कारण कोई भी सड़क लंबे समय तक क्षतिग्रस्त न रहे। उन्होंने कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें ताकि लोगों को किसी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े और मानसून के दौरान व्यवस्था पूरी तरह सुचारु बनी रहे।
Updated on:
22 Jul 2026 06:39 pm
Published on:
22 Jul 2026 06:39 pm
