3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

MP Election 2023: भाजपा में मंत्री पद के पांच चेहरे, कांग्रेस में तीन, जातीय समीकरण भी बिगाड़ सकते हैं खेल

- अगली सरकार में मंत्री पद के समीकरण भी देखने लगे उम्मीदवार- भाजपा सरकार में दो मंत्री ग्वालियर से , कांग्रेस की 15 महीने की सरकार में थे तीन मंत्री

2 min read
Google source verification
mp_assembly_election_trend_in_khrgone_vidhan_sabha_seat_in_mp.jpg

विधानसभा चुनाव के परिणाम आना अभी बाकी है, उससे पहले ही जिले की छह विधानसभा में भाजपा व कांग्रेस उम्मीदवारों की हार जीत के आंकलन के साथ मंत्री पद की संभावना भी देखी जाने लगी है। दल के कार्यकर्ताओं के साथ आम लोग भी मंत्री पद के समीकरण का आंकलन कर रहे हैं। यदि भाजपा की सरकार फिर से बनती है और पांच या छह सीट भाजपा के खाते में जाती हैं तो पांच विधायक मंत्री पद के दावेदार हैं। जबकि कांग्रेस की सरकार आती है और पांच सीट खाते में जाती हैं, तो तीन दावेदार हैं। मंत्री बनने में जातीय समीकरण भी काम कर सकते हैं। कांग्रेस में टिकट वितरण में जातीय समीकरण को साधने की कोशिश की गई है। विधानसभा चुनाव-2023 के मतों की गिनती तीन दिसंबर को होगी। इस दिन प्रत्याशियों की हार-जीत के साथ सरकार की भी तस्वीर साफ हो जाएगी। सरकार बनने के बाद मंत्री पद के लिए खींचतान शुरू होगी। भाजपा व कांग्रेस में मंत्री पद के दावेदारों की संख्या अधिक है। 2018 में बनी कांग्रेस की 15 महीने की सरकार में तीन मंत्री ग्वालियर से थे। 2020 के बाद से भाजपा सरकार में दो मंत्री हैं।

भाजपा में मंत्री पद की दावेदारी
- 2018 में कांग्रेस ने जिले के तीन विधायकों को मंत्री बनाया था। जिनमें प्रद्युम्न सिंह तोमर, इमरती देवी, लाखन सिंह शामिल थे। 2020 में कांग्रेस की सरकार गिर गई और भाजपा की सरकार बनी। भाजपा ने प्रद्युम्न सिंह तोमर, इमरती देवी, भारत सिंह को मंत्री बनाया। लेकिन उप चुनाव हारने की वजह से इमरती देवी का मंत्री पद चला गया। प्रद्युम्न सिंह तोमर व भारत सिंह के पास मंत्री पद रहा। दो मंत्री थे।

- 2023 के चुनाव में प्रद्युम्न सिंह तोमर, इमरती देवी, माया सिंह, भारत सिंह कुशवाह, नारायण सिंह कुशवाह ने चुनाव लड़ा है। माया सिंह व नारायण सिंह 2018 तक मंत्री रहे हैं। प्रद्युम्न सिंह व भारत सिंह वर्तमान में मंत्री हैं। इमरती देवी, भारत सिंह, प्रद्युम्न सिंह तोमर, माया सिंह, नारायण सिंह की भाजपा सरकार में मंत्री पद की दावेदारी रहेगी। इनके समर्थक मंत्री पद की दावेदारी भी देख रहे हैं।

- भितरवार से भाजपा उम्मीदवार मोहन सिंह राठौर पहली बार चुनाव लड़े हैं।

कांग्रेस में दावेदार
- भितरवार से कांग्रेस उम्मीदवार लाखन सिंह जिले में सबसे वरिष्ठ विधायक हैं। वह 2018 में मंत्री भी रहे हैं। प्रवीण पाठक फिर से जीतते हैं तो दूसरे बार के विधायक होंगे। इधर सतीश सिकरवार भी जीतते हैं तो दूसरी बार के विधायक होंगे। इन तीनों उम्मीदवारों की मंत्री पद की दावेदारी है।

- यदि कांग्रेस मंत्री पद में जातीय समीकरणों को देखती है तो प्रवीण पाठक की दावेदारी मजबूत होगी। अंचल में ये ब्राह्मण चेहरा हैं।

- अंचल में कांग्रेस के पास केपी सिंह व गोविंद सिंह क्षत्रिय चेहरे हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हैं। इन्हें मंत्री मंडल में जगह मिलती है तो सतीश सिकरवार के लिए रोड़ा आ सकता है।

- आरक्षित सीट में मंत्री पद दिया जाता है तो सुरेश राजे का भी नंबर लग सकता है।

ये भी पढ़ें: Work From Home Fraud : वर्क फ्रॉम होम का लालच देेने वाली इंदौर की गैंग ने सैकड़ों को ठगा, आप भी रहें अलर्ट
ये भी पढ़ें: Tiger Killed : टाइगर की मूंछों में है जादुई शक्तियां और कर लिया शिकार, 11 गिरफ्तार