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इन अफसरों को सख्त चेतावनी, अब निलंबन का दौर खत्म, सीधे सेवा समाप्ति

MP News: ग्वालियर नगर निगम में वरिष्ठ अधिकारियों के नाम पर अधीनस्थों द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार पर निगमायुक्त संघप्रिय पूरी तरह आक्रामक हो गए हैं।
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ग्वालियर

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Avantika Pandey

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Updated: 30 Sep 2025, 11:23 AM IST

Gwalior Municipal Corporation

Gwalior Municipal Corporation (फोटो सोर्स : @GwaliorGMC)

MP News:ग्वालियर नगर निगम में वरिष्ठ अधिकारियों के नाम पर अधीनस्थों द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार पर निगमायुक्त संघप्रिय पूरी तरह आक्रामक हो गए हैं। सोमवार को निगम मुख्यालय में हुई समीक्षा बैठक में उन्होंने दो टूक चेतावनी देते हुए कहा कि निलंबन का दौर खत्म होगा अब सीधे सेवा समाप्ति होगी। इतना ही नहीं आयुक्त ने अधीनस्थों पर नाराजगी जताते हुए कहा कि खुदाई के बाद यदि सड़कों का रेस्टोरेशन नहीं कराया गया तो संबंधित अधिकारी जिम्मेदार माने जाएंगे और उनके खिलाफ कार्रवाई होगी।

बैठक में ये अधिकारी थे मौजूद

बैठक में सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों को एल-1 स्तर पर ही निराकरण करने, जलभराव, सीवर, पानी व विद्युत शिकायतों का शीघ्र समाधान करने और 50 दिन से पुरानी शिकायतों को तत्काल बंद करने, गारंटी पीरियड की सड़कों की मरम्मत ठेकेदार से कराने और खुदाई से पहले संबंधित विभाग से अनिवार्य रूप से एनओसी लेने कहा है। साथ ही जिन सड़कों के कार्यादेश जारी हो चुके हैं, वहां काम शुरू कर प्रतिदिन रिपोर्ट देने, जलभराव वाले स्थानों का स्थाई समाधान करने, जो नाले सीवर में मिल गए हैं उन्हें ट्रैप कर अलग करने और जो सीवर लाइन में खुले हुए हैं उनके निराकरण की योजना बनाने के लिए कहा गया। बैठक में अपर आयुक्त टी. प्रतीक राव, प्रदीप तोमर, उपायुक्त अमरसत्य गुप्ता, डॉ. प्रदीप श्रीवास्तव, सुनील चौहान अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में इन पर जताई नाराजगी

  • टीएल के प्रकरण समय पर निपटाएं और फॉगिंग-दवा छिड़काव नियमित करने, लक्ष्मीगंज एबीसी सेंटर 15 दिन में चालू कराने और न्यायालयीन पत्रों का जवाब समय पर देने के लिए कहा गया।
  • संपत्तिकर वसूली की नियमित समीक्षा करने, समग्र आइडी में ई-केवाईसी की 50 कम होने,जीआईएस सर्वे की धीमी गति पर नाराजगी और चार माह में 50 हेक्टेयर भूमि पर हरित बाल विकसित करने की योजना पूरी करें।
  • एक भी वार्ड टीसी विहीन न रहे, छह माह की माइक्रो प्लानिंग बनाकर संपत्तिकर वसूली हो, वार्ड 13, 39 में संपत्ति सत्यापन धीमा रहने पर संबंधित टीसी को एससीएन जारी करने।