
श्योपुर। जिले में अदृश्य शक्ति द्वारा चोटी काटे जाने की चौथी घटना बुधवार की रात को तलावदा गांव में घटित हुई। महिला की चोटी काटे जाने के साथ साथ उसके हाथ और सिर पर चाकुओं से वार भी किये गए हैं। महिला को घायल स्थिति में जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। इधर, पुलिस द्वारा दो युवकों को चोटी कटने की झूठी अफवाह फैलाने पर पकड़ा गया है।
चोटी काटने के साथ हमले की पहली घटना
घटनानुसार तलावदा निवासी मनभर बाई पत्नी स्वर्गीय रामपाल जाटव 45 वर्ष 10 वर्षीय बेटे के साथ कमरे में सो रही थी। उसने हवा लगती रहे इस कारण से कमरे का दरवाजा खुला छोड़ दिया था। पास के कमरे में उसकी बहन और अन्य लोग सोए हुए थे। रात करीब 12 बजे मनभर को करंट सा लगा और वहा जोर से चीखी ओर बेहोश हो गई। आवाज सुनकर उसकी बड़ी बहन कमरे में पहुंची और देखा कि मनभर की **** कटी पड़ी है और उसके सिर व हाथों में घाव हैं, जिनसे खून निकल रहा है। मनभर की यह दशा देखकर उसने सभी को जगाया। देखते ही देखते गांव वालों की भीड़ लग गई। इसी बीच किसी ने डायल 100 को सूचना दे दी। जिसके बाद सुबह डायल 100 की गाड़ी मनभर के घर पहुंची और पूरे माजरे को समझने के बाद घायल को जिला चिकित्सालय लेकर आई।
चोटी कटने की झूठी अफवाह फैलाते पकड़े
सामरसा गांव के दो लड़कों को पुलिस द्वारा चोटी कटने की झूठी अफवाह फैलाए जाने पर पकड़ा गया है। पुलिस को एक युवती की चोटी न कटने पर भी उसकी चोटी कटने की कहकर लोगों को डराए जाने वाला मैसेज फैलाए जाने की शिकायत प्राप्त हुई। सामरसा के धनजीत पुत्र रामपाल द्वारा की गई शिकायत पर पुलिस ने दिलीप पुत्र रामकल्याण कीर २० वर्ष तथा फोरया पुत्र रामलखन मीणा को पकड़ा, जिनके मोबाइल से उनकी आबाज में लोगों को डराने वाला ऑडियो भी मिला।
यह दोनों युवक जयपुर से पकड़े गए हैं। पुलिस ने लोगों से इस तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने के लिए कहा है। साथ ही बताया है कि घटित घटनाओं का खुलासा भी पुलिस जल्द कर देगी। इसके पीछे एसडीओपी जयराज कुबेर ने तर्क देते हुए बताया है कि वीरपुर की घटना में कटे हुए बाल और चोटी के बाल पृथक-पृथक होने जैसी स्थितियां दिखी हैं।
Published on:
04 Aug 2017 09:25 am
