
'मप्र विधानसभा चुनाव का सवाल है तो मैंने अगस्त में ही संगठन को बता दिया था कि मुझे मई में चौथी बार कोरोना हुआ था, मैं इससे रिकवर नहीं हो पाई थी, क्योंकि मेरे पास विभागों का काम था। शिवपुरी और ग्रामीण में पेंडिंग पड़े काम भी निपटाने थे और शरीर मेरा साथ नहीं दे रहा था। मैं मेहनत करती हूं और चुनाव में भी प्रचार करना पड़ता है और ये मेरे से हो नहीं पा रहा था इसलिए मैंने विधानसभा चुनाव से दूरी बना ली। कुर्सी किसी और की भी बन जाए ये भी दिखा देना चाहिए, ये कुर्सी हमेशा नहीं रहेगी।' यह बात राजमाता विजयराजे सिंधिया की 104वीं जयंती पर भाजपा नेता यशोधराराजे सिंधिया ने कही।
माहौल अच्छा है
यशोधरा राजे से जब पूछा गया कि क्या वो प्रचार करेंगी तो उन्होंने कहा, अगर मुझे प्रचार करना होता तो मैं अपने ही प्रचार-प्रसार में निकलती। उन्होंने कहा कि माहौल अच्छा है, हमारे प्रधानमंत्री और गृहमंत्री दौरे कर रहे हैं, माहौल और भी अच्छा होगा। राजमाता को पुष्पाजंलि अर्पित करते हुए यशोधराराजे ने कहा, राजमाता ज्ञान, भक्ति और कर्म योग की त्रिवेणीं थीं। उनका संपूर्ण जीवन जन सेवा के लिए समर्पित था। राजमाता ने सार्वजनिक जीवन में साबित किया कि जन प्रतिनिधियों के लिए ’राज सत्ता’ नहीं बल्कि ’जन सेवा’ महत्वपूर्ण है।
जयविलास महल में बैठक
यशोधरा ने जयविलास महल में शिवपुरी सीट के भाजपा प्रत्याशी देवेंद्र जैन और पांचों विधानसभा के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक भी की। यशोधरा की बैठक में कार्यकर्ताओं के बीच गिले शिकवे भी सामने आए। यशोधरा ने भी अपनी नाराजगी प्रत्याशी देवेंद्र जैन और अन्य समर्थकों के सामने जाहिर की। करीब एक घंटे तक यह बैठक चली। बैठक के बाद देवेंद्र जैन ने कहा, वो राजमाता विजयाराजे सिंधिया के समय के कार्यकर्ता हैं। उन्होंने विधानसभा चुनाव में एकजुट होकर काम करने को कहा है।
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Updated on:
02 Nov 2023 08:36 am
Published on:
02 Nov 2023 08:34 am
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