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घग्घर नदी के पानी पर 24 घंटे का पहरा, अफसरों की मुस्तैदी, ओटू हैड से राजस्थान के लिए 28000 क्यूसेक पानी चलाया

हनुमानगढ़. घग्घर नदी में ओटू हैड से राजस्थान क्षेत्र के लिए 30 अगस्त 2025 को 28000 क्यूसेक पानी प्रवाहित किया गया। भारी मात्रा में पानी की आवक होने के बाद इसका प्रबंधन करने में दिनभर अधिकारी जुटे रहे।

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घग्घर नदी के पानी पर 24 घंटे का पहरा, अफसरों की मुस्तैदी, ओटू हैड से राजस्थान के लिए 28000 क्यूसेक पानी चलाया

घग्घर नदी के पानी पर 24 घंटे का पहरा, अफसरों की मुस्तैदी, ओटू हैड से राजस्थान के लिए 28000 क्यूसेक पानी चलाया

हनुमानगढ़. घग्घर नदी में ओटू हैड से राजस्थान क्षेत्र के लिए 30 अगस्त 2025 को 28000 क्यूसेक पानी प्रवाहित किया गया। भारी मात्रा में पानी की आवक होने के बाद इसका प्रबंधन करने में दिनभर अधिकारी जुटे रहे। उक्त पानी को घग्घर साइफन में 15880 क्यूसेक, नाली बेड में 5000, आरडी 42 जीडीसी में 10770 क्यूसेक चलाया जा रहा है। घग्घर के नाली बेड का पानी अभी तक रायसिंनगर के 30 जीबी से आगे पहुंच गया है। इसी तरह से पानी चलता रहा तो चार-पांच दिन बाद पानी पाकिस्तान सीमा तक पहुंच जाएगा। जल संसाधन विभाग हनुमानगढ़ के मुख्य अभियंता प्रदीप रुस्तगी ने बताया कि ओटू हैड से जितना पानी राजस्थान में प्रवाहित किया गया है, उसका हम प्रबंधन कर रहे हैं। वहीं जिला प्रशासन ने भी मुस्तैदी बढ़ा दी है। तटबंधों की निगरानी के लिए अधिकारियों को तैनात कर दिया गया है। अफसर रात व दिन में नदी क्षेत्र पर पहरा दे रहे हैं। जिला कलक्टर ने घग्घर नदी में बढ़ रहे पानी को देखते हुए एसडीएम, तहसीलदार व नायब तहसीलदारों को राउंड द क्लॉक 24 घंटे पहरा देने के लिए तैनात कर दिया है। आमजन भी किसी तरह की सूचना देने के लिए कंट्रोल रूम के नंबर 01552-260299 नंबर पर कॉल कर सकते हैं। गौरतलब है कि पूर्व में वर्ष 1995 में घग्घर के नाली बेड क्षेत्र में हनुमानगढ़ जंक्शन व टाउन के बीच का बंधा टूटने से आधा शहर बाढ़ की चपेट में आ गया था। इस बार भी बढ़ रहे पानी को देखते हुए लोगों की बेचैनी बढऩे लगी है।